

पटना: बिहार में चल रहे एसआईआर (विशेष निगरानी संशोधन) के आखिरी दिन तृणमूल कांग्रेस की उत्तर प्रदेश इकाई के नेता ललितेश त्रिपाठी ने चुनाव आयोग पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि आयोग भाजपा के इशारे पर काम कर रहा है और वोटर लिस्ट में धांधली का बड़ा खेल चल रहा है।
गौरतलब है कि इस मुद्दे को लेकर राहुल गांधी की 'मताधिकार यात्रा' में तृणमूल कांग्रेस की ओर से सांसद यूसुफ पठान और ललितेश त्रिपाठी ने भाग लिया। रैली के बाद तृणमूल प्रतिनिधि मंडल ने राजद नेता तेजस्वी यादव के साथ एक उच्चस्तरीय बैठक में हिस्सा लिया, जिसमें इंडिया गठबंधन के अन्य नेता भी मौजूद थे। बैठक के बाद तृणमूल नेताओं ने लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी से मुलाकात की और आशीर्वाद लिया।
सूत्रों के अनुसार, सोमवार को कांग्रेस की 'मताधिकार यात्रा' में भाग लेते हुए ललितेश त्रिपाठी ने हालिया सर्वेक्षण का हवाला देते हुए बताया कि सिर्फ 39 विधानसभा क्षेत्रों में ही 1.87 लाख डुप्लिकेट वोटरों की पहचान हुई है। उन्होंने सवाल किया, अगर सिर्फ 39 सीटों पर इतनी संख्या है, तो पूरे बिहार में फर्जी वोटरों की कुल संख्या कितनी होगी? उन्होंने इसे सीधे 'वोट चोरी' करार देते हुए कहा, यह संविधान और लोकतंत्र की हत्या है।
ललितेश ने दो टूक कहा, मगर चक्का अब घूम चुका है। अब आयोग या सरकार जनता को नहीं चुनेगी, बल्कि जनता ही अपनी सरकार चुनेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग ने तीन महीने तक डुप्लिकेट वोटरों को हटाने की प्रक्रिया चलाई, लेकिन आज भी फर्जी वोटर लिस्ट में मौजूद हैं। त्रिपाठी ने कहा कि ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी के नेतृत्व में तृणमूल इस चुनावी धांधली के खिलाफ आवाज उठाएगी और जनता के अधिकारों की रक्षा करेगी।