

केडी पार्थ, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : राज्य में आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों के तहत कोलकाता नॉर्थ जिले में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) और वोटर वेरिफाएबल पेपर ऑडिट ट्रेल (वीवीपैट) की फर्स्ट लेवल चेकिंग (FLC) बुधवार से शुरू हो गई है। यह प्रक्रिया 7 से 14 जनवरी 2026 तक चलेगी, जबकि 12 जनवरी को जांच नहीं होगी।
खुदीराम अनुशीलन केंद्र में होगी जांच
जिला निर्वाचन अधिकारी, कोलकाता नॉर्थ के कार्यालय द्वारा जारी प्रेस नोट के अनुसार, यह पूरी प्रक्रिया खुदीराम अनुशीलन केंद्र में आयोजित की जाएगी। चुनाव आयोग के निर्देशों के अनुसार सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पहले ही पूरी कर ली गई हैं।
ईसीआईएल के अधिकृत इंजीनियर करेंगे सत्यापन
चुनाव में उपयोग से पहले सभी ईवीएम और वीवीपैट मशीनों की जांच इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (ECIL) के अधिकृत इंजीनियरों द्वारा की जाएगी। केवल वही मशीनें चुनाव में इस्तेमाल होंगी, जो फर्स्ट लेवल चेकिंग में सफल पाई जाएंगी।
चुनाव आयोग की बहुस्तरीय निगरानी
फर्स्ट लेवल चेकिंग की यह प्रक्रिया जिला निर्वाचन अधिकारी, राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी और भारत के चुनाव आयोग की निगरानी में संचालित होगी, ताकि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और निष्पक्ष बनी रहे।
राजनीतिक दलों को निगरानी के लिए आमंत्रण
जिले के सभी राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को 24 दिसंबर 2025 को लिखित रूप से अनुरोध किया गया है कि वे अपने अधिकृत प्रतिनिधि भेजकर फर्स्ट लेवल चेकिंग की प्रक्रिया का प्रत्यक्ष निरीक्षण करें। यह पत्र पार्टी के राज्य मुख्यालयों को भी भेजा गया है।
ईवीएम मैनुअल में दर्ज है पूरी प्रक्रिया
फर्स्ट लेवल चेकिंग से जुड़ी विस्तृत प्रक्रिया ईवीएम मैनुअल में वर्णित है, जो भारत निर्वाचन आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध है। इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मतदान के दौरान केवल पूरी तरह सुरक्षित और विश्वसनीय मशीनों का ही उपयोग हो।