निधि, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : 14 नवंबर साल 1972 को शुरू हुआ कोलकाता का ऐतिहासिक नेहरू चिल्ड्रन्स म्यूजियम अब अपने अस्तित्व के संकट से जूझ रहा है। अग्निशमन सुरक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए आवश्यक भारी धनराशि की कमी के कारण प्रबंधन ने आगामी 16 अगस्त से इस संग्रहालय को अनिश्चितकाल के लिए बंद करने का फैसला किया है। म्यूजियम के निदेशक सुदीप श्रीमल ने दर्शकों की सुरक्षा से समझौता नहीं करते हुए यह कदम उठाया है।
सुरक्षा मानकों और आर्थिक संकट के कारण फैसला
संग्रहालय की छह मंजिली इमारत के फायर ऑडिट के बाद सामने आया कि नई अग्निशमन प्रणाली स्थापित करने में लगभग 40 से 50 लाख रुपये का खर्च आएगा। दर्शकों की संख्या घटने और वित्तीय संसाधनों के अभाव के कारण संग्रहालय प्रबंधन इस खर्च को उठाने में असमर्थ है। निदेशक का कहना है कि यहां आने वाले अधिकांश दर्शक छोटे बच्चे होते हैं, इसलिए उनकी सुरक्षा के साथ कोई जोखिम नहीं लिया जा सकता।
समृद्ध विरासत और सरकार से मदद की गुहार
जुगल श्रीमल द्वारा स्थापित इस म्यूजियम में 92 से अधिक देशों की गुड़ियों का संग्रह, अनूठी गणेश गैलरी और रामायण व महाभारत की जीवंत झांकियां मौजूद हैं। पिछले 54 वर्षों में 10 करोड़ से अधिक दर्शक और 1 करोड़ से अधिक वंचित बच्चे इसका अवलोकन कर चुके हैं। निदेशक सुदीप श्रीमल ने राज्य सरकार को पत्र लिखकर मदद मांगी है और कहा है कि यदि सरकार या कोई एनजीओ इसका दायित्व संभालना चाहे, तो वे पूर्ण सहयोग के लिए तैयार हैं।