

तेहरान/वॉशिंगटन: अमेरिकी सीनेटर लिंडसे ग्राहम की मौत के बाद ईरान के कुछ अखबारों और सरकारी मीडिया संस्थानों की टिप्पणियां विवाद का कारण बन गई हैं। कई ईरानी प्रकाशनों ने ग्राहम की मौत को प्रमुखता से प्रकाशित किया, जबकि कुछ ने अमेरिकी नेताओं को लेकर विवादित संकेत भी दिए।
ईरानी अखबार हमशहरी ने अपने पहले पन्ने पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तस्वीर प्रकाशित करते हुए ऐसी हेडलाइन लगाई, जिसका आशय भविष्य में और भी "अचानक मौतों" की संभावना से जोड़ा गया। अखबार में ट्रंप के अलावा दिवंगत सीनेटर लिंडसे ग्राहम, अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ, इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों की तस्वीरें भी प्रकाशित की गईं।
वहीं, वतन-ए-इमरूज अखबार ने ग्राहम की मौत को प्रमुखता देते हुए उन्हें ईरान विरोधी अमेरिकी नीतियों का प्रमुख समर्थक बताया। कुछ सरकारी मीडिया कार्यक्रमों में भी इस घटना पर तीखी टिप्पणियां की गईं। एक सरकारी टीवी प्रस्तोता ने लाइव कार्यक्रम के दौरान ग्राहम की मौत पर प्रतिक्रिया देते हुए ईरानी जनता को बधाई तक दे दी।
हालांकि, इन दावों या टिप्पणियों के समर्थन में कोई सार्वजनिक साक्ष्य पेश नहीं किया गया है।
दूसरी ओर, अमेरिका में कुछ दक्षिणपंथी और MAGA समर्थक समूहों के बीच भी कई तरह की अटकलें सामने आई हैं। कुछ लोगों ने ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) की पुरानी धमकियों का हवाला देते हुए मामले की जांच की मांग की है। हालांकि, अब तक ऐसा कोई सार्वजनिक प्रमाण सामने नहीं आया है जो ग्राहम की मौत को किसी विदेशी साजिश से जोड़ता हो।
लिंडसे ग्राहम अमेरिकी राजनीति के प्रमुख रिपब्लिकन नेताओं में शामिल थे। वे यूक्रेन को सैन्य सहायता, इजरायल के समर्थन और ईरान के खिलाफ कड़े रुख के लिए लंबे समय से जाने जाते रहे हैं।