

निधि, सन्मार्ग संवाददाता
हावड़ा : हावड़ा जिले के डोमजूड़ थाना क्षेत्र अंतर्गत बांकड़ा (मुंशीडांगा सरदार पाड़ा) स्थित एक निजी नर्सिंग होम में नवजात शिशु की मौत को लेकर मंगलवार को भारी बबाल मच गया। आक्रोशित परिजनों और स्थानीय लोगों ने इलाज में गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए अस्पताल में जमकर हंगामा और तोड़फोड़ की। उपद्रवियों ने नर्सिंग होम के फर्नीचर, मेज, कुर्सियां, खिड़कियां और सीसीटीवी कैमरे तक क्षतिग्रस्त कर दिए।
परिजनों के मुताबिक, डोमजूड़ निवासी जाहिमा खातून ने 7 अगस्त को बच्चे को जन्म दिया था। 9 अगस्त को छुट्टी मिलने के बाद 10 अगस्त की रात शिशु की तबीयत अचानक बिगड़ गई, जिसके बाद उसे दोबारा नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया। परिजनों का आरोप है कि आपात स्थिति के बावजूद अस्पताल में कोई डॉक्टर मौजूद नहीं था और केवल नर्सों के भरोसे इलाज किया जा रहा था, जिससे बच्चे की जान चली गई।
दूसरी तरफ, नर्सिंग होम प्रशासन ने डॉक्टरों की गैरमौजूदगी और लापरवाही के सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।