कोलकाता : रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बुधवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आर्थिक दृष्टिकोण यानी ‘‘मोदीनॉमिक्स’’ ने भारत की तेज आर्थिक विकास की नींव रखी है और देश प्रगति तथा सुशासन के मार्ग पर लगातार आगे बढ़ रहा है। राजनाथ सिंह ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा कि मोदी के नेतृत्व में भारत की विकास गाथा ऐसे परिवेशी तंत्र से आगे बढ़ी, जिसने देश की ‘‘बौद्धिक क्षमता और मानव संसाधन’’ को अपनी पूरी क्षमता का लाभ उठाने में सक्षम बनाया। उन्होंने कहा, ‘‘2014 से पहले भी भारत के पास बौद्धिक क्षमता और मानव संसाधन दोनों थे, लेकिन वे अपनी पूरी क्षमता के अनुरूप काम नहीं कर पा रहे थे। मोदीजी ने ऐसा परिवेशी तंत्र तैयार किया, जहां बौद्धिक क्षमता और मानव संसाधन दोनों अपनी पूरी क्षमता के साथ काम कर सकते हैं।’’ राजनाथ सिंह ने कहा कि आज भारत ‘‘बेहतर तरीके से विनियमित और सुशासित’’ है। उन्होंने दावा किया कि गरीबों के कल्याण और विकास के लिए निर्धारित सरकारी धन अब बिचौलियों की जेब में नहीं जा रहा है। उन्होंने कहा कि भारत की आर्थिक सफलता की कहानी को ‘‘मोदीनॉमिक्स’’ ने गति दी है। उन्होंने देश के बढ़ते रक्षा निर्यात पर भी प्रकाश डाला और कहा कि भारत अब 100 से अधिक देशों को रक्षा उपकरणों का निर्यात कर रहा है।
शुभेंदु अधिकारी की भी प्रशंसा की : राजनाथ सिंह ने पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी की भी प्रशंसा की और कहा कि राज्य में उनके द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना हो रही है तथा देश के अन्य हिस्सों में भी इनकी चर्चा हो रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व में पश्चिम बंगाल विकसित भारत के निर्माण के लक्ष्य में ‘‘उल्लेखनीय योगदान’’ देगा। राजनाथ सिंह भाजपा के महीनेभर चलने वाले ‘‘सेवा से संकल्प’’ अभियान के सिलसिले में कोलकाता में थे। यह अभियान प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिन और सार्वजनिक सेवा के क्षेत्र में उनके 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक आयोजित किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि मोदी की ‘‘सेवा भावना’’ के संदर्भ में भी यह अभियान महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि वर्षों के दौरान उनका पद, जिम्मेदारियां और भूमिका भले ही बदल गई हों, लेकिन ‘‘स्वयं से पहले सेवा’’ के प्रति उनकी प्रतिबद्धता में कोई बदलाव नहीं आया है। सिंह ने कहा, ‘‘स्वतंत्र भारत के इतिहास में पहली बार इस साल स्वतंत्रता दिवस के मौके पर लाल किले से राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के सभी छह अंतरे गाये गये। यह पश्चिम बंगाल के प्रति सम्मान का भी प्रतीक है।’’ रक्षा मंत्री ने कहा कि मोदी के सार्वजनिक जीवन की 25 साल की यात्रा गुजरात के मुख्यमंत्री बनने के साथ शुरू हुई थी और प्रधानमंत्री के रूप में उनके कार्यकाल तक जारी है। उन्होंने कहा कि इस यात्रा ने ‘‘देश की राजनीति को प्रभावित किया’’, भारत के विकास को नयी दिशा दी और वैश्विक स्तर पर देश की स्थिति को मजबूत किया।
उन्होंने कहा कि इस साल 17 सितंबर को प्रधानमंत्री मोदी का जन्मदिन विशेष महत्व रखता है, क्योंकि इसके ठीक 20 दिन बाद सात अक्टूबर को वह निर्वाचित प्रतिनिधि के तौर पर जनसेवा के 25 साल पूरे करेंगे — जिसमें 2001 से गुजरात के मुख्यमंत्री और 2014 से प्रधानमंत्री के रूप में उनका कार्यकाल शामिल है।
मोदी के दृष्टिकोण की सराहना करते हुए राजनाथ सिंह ने कहा कि यूपीआई की शुरुआत को लेकर संदेह जताया गया था। उन्होंने कहा, ‘‘अगस्त में, जब यूपीआई की शुरुआत के 10 साल पूरे हुए, तब 29.88 लाख करोड़ रुपये मूल्य के 23.66 अरब यूपीआई लेनदेन हुए।’’ उन्होंने कहा कि फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने यूपीआई की सफलता को केवल तकनीकी उपलब्धि नहीं, बल्कि सभ्यतागत कहानी के रूप में सराहा है। उन्होंने कहा कि यूपीआई ने रेहड़ी-पटरी वालों की आय बढ़ाने में मदद की है। सिंह ने कहा कि देश में स्टार्टअप की संख्या, जो 2014 में मोदी के प्रधानमंत्री बनने के समय केवल 500 थी, अब बढ़कर दो लाख से अधिक हो गई है।
उन्होंने कहा कि भारत के रक्षा निर्यात में 2014 की तुलना में 56 गुना की भारी वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा, ‘‘रक्षा उत्पादन में चार गुना वृद्धि हुई है और यह वर्तमान में लगभग 1.80 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया है, जबकि पहले यह लगभग 45,000 करोड़ रुपये था।’’ सिंह ने कहा कि भारत वर्तमान में 100 से अधिक देशों को रक्षा उपकरणों का निर्यात कर रहा है। उन्होंने कहा कि भारत अब सेमीकंडक्टर का भी निर्माण कर रहा है। उन्होंने कहा कि दुनिया की जेनेरिक दवाओं की 20 प्रतिशत जरूरत और टीकों की 60 प्रतिशत जरूरत पूरी करने के साथ-साथ भारत में मोबाइल फोन की 99 प्रतिशत मांग की पूर्ति देश में ही निर्मित उपकरणों से हो रही है।