हावड़ा के एकमात्र थैलेसीमिया अस्पताल की व्यवस्थाओं में सुधार की पहल

मंत्री उमेश राय ने दिए त्वरित कार्रवाई के निर्देश
Howrah Thalassemia Hospital to Get Upgraded Services: Minister Umesh Rai Assures Quick Action
हावड़ा के पंचाननतल्ला स्थित थैलेसिमिया अस्पतालREP
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निधि, सन्मार्ग संवाददाता

हावड़ा: हावड़ा के पंचाननतला रोड स्थित जिले के एकमात्र थैलेसीमिया अस्पताल की चिंताजनक स्थिति पर आखिरकार प्रशासन द्वारा कार्रवाई शुरू की जायेगी। यहां लंबे समय से मरीजों की हीमोग्लोबिन जांच बंद है, जिससे थैलेसीमिया पीड़ितों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। यहां बता दें कि इस अव्यवस्था की शिकायत मिलने के बाद राज्य के नगर विकास एवं नगर मामलों के राज्य मंत्री उमेश राय ने परिस्थितियों का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित विभाग के अधिकारियों से बात कर समस्या का जल्द समाधान करने का भी निर्देश दिया है। उन्होंने कहा कि अस्पताल में हीमोग्लोबिन टेस्ट जल्द से जल्द शुरू किया जाएगा। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई भी व्यक्ति अनुचित या अवैध गतिविधियों में शामिल पाया गया, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

क्या है अस्पताल का इतिहास

प्रशासनिक अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार वाममोर्चा के शासनकाल में हावड़ा नगर निगम की पहल पर 25 बिस्तरों वाला यह अस्पताल शुरू किया गया था। लगभग तीन साल पहले डॉक्टर और तत्कालीन मेयर सुजय चक्रवर्ती के प्रयासों से इसका जीर्णोद्धार किया गया। तीन मंजिली इमारत में आधुनिक उपकरणों से लैस प्रयोगशाला और मुफ्त रक्त वितरण के लिए ब्लड बैंक बनाया गया था लेकिन वर्तमान में रखरखाव की कमी के कारण सेवाएं बेपटरी हो गयीं। मरीजों के परिजनों का कहना है कि हीमोग्लोबिन जांच बंद होने के कारण उन्हें बाहर से पैसे देकर यह टेस्ट कराना पड़ रहा है। वहीं अस्पताल में दलालों के सक्रिय होने की भी शिकायतें लोगों की रही हैं। मगर अब लोग प्रशासन से उम्मीद जता रहे हैं कि जल्द से जल्द यहां बेहतर परिसेवाएं और इंफ्रास्ट्रक्चर उपलब्ध होगा।

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