

निधि, सन्मार्ग संवाददाता
हावड़ा : हावड़ा जिला अदालत के सात मंजिला नए विचार भवन का उद्घाटन 25 जुलाई 2025 को किया गया था। इस नए भवन के शुरू होने से कोर्ट परिसर में मुकदमों की सुनवाई में उल्लेखनीय तेजी आई है। वर्तमान में इस विचार भवन में चार ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट कोर्ट, पॉक्सो कोर्ट और थर्ड फास्ट ट्रैक कोर्ट सुचारु रूप से संचालित हो रहे हैं। इससे आम नागरिकों, अधिवक्ताओं और कानून से जुड़े कर्मियों को मामलों के त्वरित निपटारे में बड़ी राहत मिली है मगर अभी आगे का काम होना बाकी है। यही कारण है कि बार एसोसिएशन और वकीलों ने दूसरे चरण का काम चालू किये जाने को लेकर उम्मीद जतायी है। उन्होंने इस बाबत संबंधित विभागों, कानून मंत्री और पीब्ल्यूडी में अपील की है ताकि भवन निर्माण के दूसरे चरण का काम जल्द से जल्द पूरा किया जाये।
कोर्ट के वकीलों ने मंत्रालयों व विभागों में की अपील
हावड़ा क्रिमिनल कोर्ट बार लाइब्रेरी के अध्यक्ष समीर बसु रायचौधरी ने बताया कि विचार भवन के दूसरे चरण का काम अब तक शुरू हो जाना चाहिए था मगर यह अब तक शुरू नहीं हो पाया है। हमने इस बाबत संबंधित मंत्रालय व विभागों में अपील की है और आश्वासन मिला है कि जल्द इस बाबत काम शुरू हो जायेगा। यह जरूरी है कि काम को जल्द से जल्द पूरा किया जाये क्योंकि आज भी कई वकीलों और कोर्ट को भवन में स्थानांतरित करने की जरूरत है। उन्हें काफी दिक्कतें उठानी पड़ रही हैं।
द्वितीय चरण के तहत मिलेंगी ये आधुनिक सुविधाएं
हावड़ा कोर्ट के वरिष्ठ वकील ओम प्रकाश सिंह ने कहा कि विचार भवन के पूर्ण रूप से बन जाने के बाद वर्तमान में स्थान की कमी का सामना कर रहे अन्य अदालतों जैसे पांचवें, छठे और सातवें ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट कोर्ट और एडिशनल डिस्ट्रिक्ट जज कोर्ट को भी इसमें स्थानांतरित कर दिया जाएगा। इससे पूरी अदालत परिसर का माहौल स्वच्छ, सुरक्षित और सुविधाजनक बन जाएगा। दूसरे चरण के तहत 10 मंजिला भवन को पूर्ण रूप देने की योजना है। इस चरण के पूरा होते ही परिसर में अधिवक्ताओं और आम जनता के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं उपलब्ध होंगी। प्रस्तावित निर्माण में महिला अधिवक्ताओं के लिए अलग चेंजिंग रूम, आगंतुकों व महिलाओं के लिए पृथक बैठने की व्यवस्था, आधुनिक शौचालय, शुद्ध पेयजल प्रणाली और एक विशाल सेमिनार हॉल शामिल हैं। अधिवक्ताओं का मानना है कि प्रशासनिक समन्वय से यह बहुप्रतीक्षित परियोजना जल्द आकार लेगी और हावड़ा कोर्ट पूरे राज्य के लिए एक मॉडल ज्यूडिशियल कॉम्प्लेक्स बनकर उभरेगा।