

मेटल डिटेक्टर, कैमरे और मशीनों से होगी कॉपियों की जांच
सुबह 11 बजे से होगी परीक्षा
मुनमुन, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : पश्चिम बंगाल उच्च माध्यमिक शिक्षा संसद ने 2027 के तीसरे सेमेस्टर की परीक्षा को पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए बड़ा कदम उठाया है। इस बार परीक्षा केंद्रों से उत्तर पुस्तिकाएं और OMR शीट भारतीय डाक विभाग के जरिए क्षेत्रीय कार्यालयों तक पहुंचाई जाएंगी। यह परीक्षा 21 सितंबर से 14 अक्टूबर तक प्रतिदिन सुबह 11 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक आयोजित की जाएगी, जिसके लिए विद्यार्थियों को सुबह 10 बजे तक परीक्षा केंद्र पहुंचना होगा। पिछले वर्ष से लागू सेमेस्टर आधारित प्रणाली के तहत इस बार तीसरे सेमेस्टर की परीक्षा OMR पद्धति से हो रही है, जिसमें कुल 7,18,620 परीक्षार्थी शामिल हो रहे हैं जिनमें 4,02,889 छात्राएं व 3,15,731 छात्र हैं।
अत्याधुनिक सुरक्षा इंतजाम और संवेदनशील केंद्रों पर विशेष नजर
परीक्षा प्रक्रिया को पूरी तरह सुरक्षित रखने के लिए राज्यभर में 2,105 परीक्षा केन्द्र और 825 मुख्य केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें 99 संवेदनशील लोकेशन शामिल हैं। नकल और गड़बड़ी रोकने के लिए मुख्य द्वारों पर मेटल डिटेक्टर लगाए जाएंगे, सभी केन्द्र सर्विलांस कैमरों की निगरानी में रहेंगे और हर 20 विद्यार्थी पर दो कक्ष निरीक्षक तैनात किए जाएंगे। इसके अलावा, परीक्षा हॉल में मोबाइल फोन और कैलकुलेटर जैसे किसी भी इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस के इस्तेमाल पर पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। यदि कोई परीक्षार्थी इन उपकरणों के साथ पाया गया, तो उसका नामांकन और परीक्षा तुरंत रद्द कर दी जाएगी।
CBSE के तर्ज पर मशीनों से होगी कॉपियों की जांच
मूल्यांकन प्रक्रिया में पूर्ण पारदर्शिता बनाए रखने के लिए इस बार किसी भी मुख्य परीक्षक या परीक्षक द्वारा कॉपियों की जांच नहीं की जाएगी। CBSE 12वीं कक्षा के तर्ज पर OMR पद्धति अपनाते हुए उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन पूरी तरह आधुनिक तकनीक और OMR स्कैनिंग मशीनों के माध्यम से किया जाएगा। संसद के इस कड़े और आधुनिक कदम का उद्देश्य मूल्यांकन प्रक्रिया को पूरी तरह त्रुटिहीन बनाना है, जिससे मानवीय हस्तक्षेप की कोई गुंजाइश न बचे और लाखों विद्यार्थियों का भविष्य पूरी तरह सुरक्षित और निष्पक्ष हाथों में रहे।