

जितेंद्र, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : व्यक्ति एक है, पर वोटर कार्ड दो हैं। अलबत्ता पिता का नाम एक ही है। दोनों वोटर कार्डों के दो एपिक नंबर भी हैं। इतना ही नहीं, दो सरकारी पदों पर एक साथ काम करते हुए दोनों विभागों से वेतन भी उठा रहा है। इस बाबत एक रिट दायर की गई है। जस्टिस कृष्णा राव ने मंगलवार को मामले की सुनवायी के बाद बारुइपुर के एसपी को रिपोर्ट दाखिल करने का आदेश दिया है।
सईदा इवाना परवीन ने यह रिट दायर की है। इसमें इस अनोखे मामले का जिक्र करते हुए कार्रवाई करने की अपील की गई है। इस रिट के मुताबिक इस्लाम अली पियादा का पुत्र खोकन पियादा कैनिंग दो नंबर ब्लाक में डाटा इंट्री ऑपरेटर के पद पर कार्य करता है। यहां उसने पहचान पत्र के रूप में जिस वोटर कार्ड को जमा किया है उसका इपिक नंबर है ZUB 1926260। इसमें पिता का नाम है इस्लाम अली पियादा। इसके अलावा यही व्यक्ति उस्मान पियादा के नाम से जीवनपुर थाने में सिविक वालंटियर के पद पर कार्य करता है। यहां उसने पहचान पत्र के रूप में जिस वोटर कार्ड को जमा किया है उसका इपिक नंबर है ZUB 1422179। यहां भी पिता का नाम इस्लाम अली पियादा है। यहां सवाल उठाया गया है कि एक ही व्यक्ति दो नाम से दो सरकारी पदों पर एक साथ कैसे काम कर सकता है। इस मामले की पीछे की कहानी कुछ यूं है। पीटिशनर सईदा ने भी कैनिंग ब्लाक दो के डाटा इंट्री आपरेटर पद के लिए आवेदन किया था। इस पीटिशन के मुताबिक अपनों को रेवड़ी बांटने के अंदाज में खोकन पियादा की नियुक्ति कर दी गई। पीटिशनर ने शैक्षिक रिकार्ड दाखिल करते हुए यह दावा किया है कि उसका अकादमिक रिकार्ड बेहतर था, इसके बावजूद उसे नौकरी नहीं दी गई। उसने आला अफसरों से इसकी शिकायत की थी। जब किसी ने नहीं सुना तो उसने हाई कोर्ट में रिट दायर कर दी। एसपी को अपनी रिपोर्ट 28 जनवरी को दाखिल करनी पडे़गी और उसी दिन इसकी सुनवायी होगी।