

निधि, सन्मार्ग संवाददाता
हावड़ा : मंगलवार सुबह से ही हावड़ा में मौसम का मिजाज बिगड़ा रहा। घने बादलों के बीच रुक-रुककर हुई मूसलाधार बारिश ने शहर के कई निचले इलाकों की तस्वीर बदल दी। लगातार बारिश के कारण सड़कों पर पानी जमा हो गया और आम लोगों के साथ स्कूली बच्चों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। सांतरागाछी इलाके में रामचरण सेठ रोड बारिश के पानी में डूब गया। इसी सड़क पर स्थित भानुमति स्कूल के सामने घुटने तक पानी जमा होने से स्कूल से छुट्टी के बाद बच्चों को घर लौटने में काफी दिक्कत हुई। जलजमाव के बीच छोटे बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए स्कूल प्रबंधन ने छुट्टी कर दी। छुट्टी के बाद स्कूल के बाहर का दृश्य काफी चिंताजनक था। पानी से भरी सड़क पार करने में असमर्थ कई छोटे बच्चों को उनके अभिभावक गोद में उठाकर ले जाते दिखाई दिए। कुछ अभिभावकों ने बच्चों को कंधे पर बैठाकर जलमग्न रास्ता पार कराया। गं
IIEST कैंपस समेत कई इलाकों में पानी
भारी बारिश का असर केवल संतरागाछी तक सीमित नहीं रहा। हावड़ा के शिवपुर स्थित IIEST कैंपस में भी जलजमाव हो गया। कॉलेज रोड, कॉलेज घाट रोड, नश्कर पाड़ा और कोले मार्केट इलाके में भी सड़कों पर पानी जमा हो गया। इसके अलावा शिवपुर, हावड़ा मैदान, सलकिया, रामराजातला और घुसुड़ी के कई हिस्सों में जलजमाव से लोगों को परेशानी हुई। कई जगहों पर पानी दुकानों के अंदर तक पहुंचने की शिकायत भी सामने आयी।
लोगों ने की स्थायी समाधान की मांग
स्थानीय लोगों का कहना है कि थोड़ी तेज बारिश होते ही इन इलाकों में जलजमाव की समस्या गंभीर हो जाती है। उनका आरोप है कि पर्याप्त जल निकासी व्यवस्था नहीं होने के कारण बारिश का पानी लंबे समय तक सड़कों पर जमा रहता है। इससे पैदल यात्रियों के साथ दोपहिया और चारपहिया वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित होती है। इधर, प्रशासन की ओर से विभिन्न जलजमाव वाले इलाकों में पंप लगाकर पानी निकालने का काम शुरू किया गया। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि तत्काल जल निकासी के साथ-साथ समस्या का स्थायी समाधान किया जाए, ताकि बारिश के दौरान बच्चों, यात्रियों और स्थानीय निवासियों को हर बार ऐसी परेशानी न झेलनी पड़े।