नववर्ष पर फूलों की मंडियों में बढ़ी रौनक

साल के पहले दिन फूलों की जबरदस्त मांग और बिक्री
नववर्ष पर फूलों की मंडियों में बढ़ी रौनक
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मुनमुन, सन्मार्ग संवाददाता

कोलकाता : साल का पहला दिन यानी नववर्ष पूरे देश में उत्साह, उमंग और खुशियों के साथ मनाया जाता है। इस खास मौके पर मंदिरों, घरों, होटलों, कार्यक्रम स्थलों और सार्वजनिक स्थानों को सजाने के लिए फूलों की भारी मांग देखने को मिलती है। नववर्ष के आगमन से पहले ही फूलों की मंडियों में चहल-पहल बढ़ जाती है और व्यापारियों को अच्छी बिक्री का अवसर मिलता है।

फूलों की मंडियों में बढ़ी मांग

नववर्ष के अवसर पर गुलाब, गेंदा, रजनीगंधा, लिली, ऑर्किड और चमेली जैसे फूलों की मांग सबसे अधिक रही। पूजा-पाठ, सजावट और शुभारंभ कार्यक्रमों के कारण इन फूलों की बिक्री में सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना इजाफा हुआ। कई मंडियों में तो सुबह से देर रात तक फूलों की खरीद-फरोख्त चलती रही।

कीमतों में हुआ इजाफा

बढ़ी हुई मांग का असर फूलों की कीमतों पर भी देखने को मिला। जहां आम दिनों में गेंदा और गुलाब सस्ते दामों में मिल जाते हैं, वहीं नववर्ष के मौके पर इनके दामों में बढ़ोतरी हुई। फिर भी लोगों ने खुशी-खुशी फूल खरीदे, क्योंकि नववर्ष को शुभ और मंगलमय बनाने के लिए फूलों का विशेष महत्व माना जाता है।

किसानों और व्यापारियों को हुआ लाभ

नववर्ष की इस बढ़ी हुई बिक्री से फूल उत्पादक किसानों और मंडी व्यापारियों को अच्छा मुनाफा हुआ। कई किसानों ने पहले से ही नववर्ष को ध्यान में रखते हुए फूलों की खेती की थी, जिसका उन्हें अच्छा परिणाम मिला। व्यापारियों का कहना है कि साल की शुरुआत अगर अच्छी बिक्री से हो, तो पूरे वर्ष के लिए सकारात्मक माहौल बनता है।

धार्मिक और सामाजिक आयोजनों की भूमिका

नववर्ष पर मंदिरों में विशेष पूजा, हवन और सजावट की जाती है, जिसके लिए फूलों की आवश्यकता होती है। इसके अलावा होटल, मॉल, रेस्टोरेंट और सामाजिक कार्यक्रमों में भी फूलों से सजावट की जाती है। इन्हीं आयोजनों के कारण फूलों की मांग में तेज़ी आती है।

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