Fed Meeting 2026: नए चेयरमैन के पहले फैसले पर दुनिया की नजर

ईरान-अमेरिका शांति समझौते से भू-राजनीतिक तनाव घटा, अब बाजारों की पूरी नजर फेड की जून बैठक, आर्थिक अनुमानों और नए चेयरमैन केविन वार्श की नीतिगत प्राथमिकताओं पर
अमेरिकी केंद्रीय बैंक Federal Reserve की 16-17 जून की अहम बैठक पर वैश्विक बाजारों की निगाहें टिकी हुई हैं।
विश्लेषकों के अनुसार फेड फिलहाल ब्याज दरों को मौजूदा स्तर पर बनाए रख सकता है।
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नई दिल्ली : अमेरिकी केंद्रीय बैंक Federal Reserve की 16-17 जून की अहम बैठक पर वैश्विक बाजारों की निगाहें टिकी हुई हैं। नए चेयरमैन केविन वार्श (Kevin Warsh) के नेतृत्व में होने वाली यह पहली Federal Open Market Committee (FOMC) बैठक है। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि फेड इस बार ब्याज दरों में कोई बदलाव नहीं करेगा, लेकिन भविष्य की मौद्रिक नीति को लेकर उसके संकेत निवेशकों के लिए बेहद महत्वपूर्ण होंगे।

अमेरिकी केंद्रीय बैंक Federal Reserve की 16-17 जून की अहम बैठक पर वैश्विक बाजारों की निगाहें टिकी हुई हैं।
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ब्याज दरें यथावत रहने की उम्मीद

विश्लेषकों के अनुसार फेड फिलहाल ब्याज दरों को मौजूदा स्तर पर बनाए रख सकता है। UBS Global Wealth Management का अनुमान है कि फेड का रुख पहले की तुलना में अधिक सख्त (हॉकिश) दिखाई दे सकता है। संस्था ने अब 2027 में मार्च और जून के दौरान 25-25 बेसिस प्वाइंट की दो संभावित कटौतियों का अनुमान जताया है।

नए चेयरमैन वार्श के रुख पर फोकस

फेड के नए प्रमुख केविन वार्श लंबे समय से ब्याज दरों को लेकर अत्यधिक अग्रिम संकेत (Forward Guidance) देने के आलोचक रहे हैं। उनका मानना है कि बहुत अधिक पूर्व संकेत केंद्रीय बैंक की नीतिगत लचीलापन कम कर देते हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि वार्श फेड के आधिकारिक बयान से भविष्य में दर कटौती के संकेतों वाली भाषा को कम कर सकते हैं। इससे यह संदेश जा सकता है कि जरूरत पड़ने पर फेड दरें बढ़ाने का विकल्प भी खुला रखेगा।

फेड की संचार नीति में हो सकता है बदलाव

वार्श पहले भी फेड की विस्तृत प्रेस कॉन्फ्रेंस, आर्थिक अनुमान और अधिकारियों के लगातार सार्वजनिक बयानों पर सवाल उठा चुके हैं। ऐसे में यह देखने वाली बात होगी कि क्या वह फेड की मौजूदा संचार प्रणाली में कोई बदलाव करते हैं या नहीं।

ईरान-अमेरिका समझौते से बाजारों को राहत

यह बैठक ऐसे समय हो रही है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ प्रारंभिक शांति समझौते की घोषणा की है। इससे पश्चिम एशिया में तनाव कम हुआ है और वैश्विक वित्तीय बाजारों को राहत मिली है। भू-राजनीतिक जोखिम घटने से निवेशकों का ध्यान अब पूरी तरह फेड की नीति पर केंद्रित हो गया है।

कब आएगा फैसला?

FOMC बयान जारी होगा: 17 जून, रात 11:30 बजे (भारतीय समयानुसार)

केविन वार्श की प्रेस कॉन्फ्रेंस: 18 जून, रात 12:00 बजे (IST)

बाजार क्यों है सतर्क?

निवेशकों की नजर सिर्फ ब्याज दरों पर नहीं, बल्कि फेड के आर्थिक अनुमानों, महंगाई को लेकर उसके दृष्टिकोण और नए चेयरमैन के संकेतों पर भी रहेगी। यही तय करेगा कि आने वाले महीनों में अमेरिकी और वैश्विक बाजारों की दिशा क्या रहने वाली है।

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