नवद्वीप में बच्चे को अस्पताल से दी गयी एक्सपायर्ड दवा, मचा हड़कंप

पीड़ित परिवार ने बीएमओएच से मिलकर शिकायत दर्ज कराई
Expired Medicine Given to Child at Nabadwip Hospital Sparks Panic
सांकेतिक फोटोExpired Medicine Given to Child at Nabadwip Hospital Sparks Panic
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निधि, सन्मार्ग संवाददाता

नदिया : नदिया जिले के नवद्वीप महेशगंज ग्रामीण अस्पताल पर मरीजों को एक्सपायर्ड दवाइयां बांटने का एक बेहद गंभीर आरोप लगा है। इस घटना के सामने आने के बाद इलाके के लोगों में भारी आक्रोश है। लोग सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था की मुस्तैदी पर बड़े सवाल खड़े कर रहे हैं। मिली जानकारी के अनुसार, नवद्वीप ब्लॉक के मायापुर मोड़ इलाके की रहने वाली झुमा देवनाथ अपने 5 वर्षीय बेटे के पेट में दर्द होने पर उसे इलाज के लिए महेशगंज ग्रामीण अस्पताल ले गई थीं। वहां ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर ने बच्चे को देखा और कुछ दवाइयां लिखीं। अस्पताल के दवा काउंटर से उन्हें वे दवाइयां मुफ्त में दे दी गयीं। महिला जब घर लौटी और बच्चे को दवा खिलाने लगी, तो उसे कुछ दवाइयों की स्थिति खराब लगी। शक होने पर जब उसने दवा के पैकेट पर छपी एक्सपायरी डेट देखी, तो उसके होश उड़ गए। दवा पर एक्सपायरी डेट इसी साल अप्रैल महीने की दर्ज थी, जबकि वर्तमान में मई का महीना चल रहा है। महिला ने सूझबूझ दिखाते हुए बच्चे को वह दवा नहीं खिलाई।

इसके बाद स्थानीय लोगों को साथ लेकर पीड़ित परिवार अस्पताल पहुंचा और अस्पताल की बीएमओएच डॉ. एलिशा दास से मिलकर एक लिखित शिकायत दर्ज कराई। हालांकि, इस मामले पर बीएमओएच ने मीडिया के सामने कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया। अस्पताल सूत्रों के मुताबिक, हर 15 दिन में दवाओं के स्टॉक की जांच की जाती है, ऐसे में एक महीने पहले एक्सपायर हो चुकी दवा मरीज तक कैसे पहुंच गई, इसकी जांच की जा रही है। स्थानीय लोगों का सवाल है कि इस बैच की दवाइयां न जाने और कितने मरीजों को दी गई होंगी और अगर इसे खाकर किसी बच्चे की तबीयत बिगड़ जाती, तो इसका जिम्मेदार कौन होता।

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