

असम के बरपेटा जिले के भाबनीपुर-सोरभोग में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कांग्रेस पर पाकिस्तान के सुर में सुर मिलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने पाकिस्तान में आतंकी शिविरों के खिलाफ ‘ऑपरेशन सिंदूर’ चलाया, लेकिन कांग्रेस हमेशा पड़ोसी देश के साथ खड़ी नजर आती है, जो देश की सुरक्षा से समझौता है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने हमेशा अल्पकालिक और संकीर्ण सोच अपनाई, जबकि भाजपा दीर्घकालिक विकास और समाज के सभी वर्गों के सर्वांगीण विकास के लिए काम करती है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस भ्रष्टाचार में लिप्त रहने के लिए अल्पकालिक उपायों पर ध्यान देती रही है, जबकि भाजपा दूरदर्शी निर्णय लेकर देश को आगे बढ़ा रही है।
मोदी ने कांग्रेस पर ‘वन रैंक, वन पेंशन’ योजना लागू न करने का आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा ने सेना के सम्मान और न्याय को प्राथमिकता दी। उन्होंने कहा कि असम में पिछले दस वर्षों में हुए शांति समझौतों और भाजपा सरकार के प्रयासों से राज्य में शांति और स्थिरता आई है, जिससे विकास को गति मिली है।
महिला मतदाताओं को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि संसद में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण 2029 के आम चुनावों से लागू किया जाएगा और असम की महिलाओं से इस विधेयक के समर्थन की अपील की।
उन्होंने कहा कि राज्य में विकास की गति बनाए रखने के लिए कांग्रेस को सत्ता से बाहर रखना जरूरी है। असम की 126 सदस्यीय विधानसभा के लिए नौ अप्रैल को मतदान और चार मई को मतगणना होगी।