

सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजयपुरम : दक्षिण अंडमान जिले के उप-मंडलीय मजिस्ट्रेट (एसडीएम) कमलेश्वर राव एस. ने हाल ही में लिटिल अंडमान का आधिकारिक दौरा किया, जहां उन्होंने स्थानीय प्रशासनिक कार्यों की समीक्षा की और जन समस्याओं के समाधान के लिए कई गतिविधियों का निरीक्षण किया। इस दौरे के दौरान उन्होंने रामकृष्णपुर ग्राम पंचायत के उप-प्रधान (2025–2027) पद के लिए पंचायत चुनाव का पर्यवेक्षण किया, जो पूरी तरह से स्वतंत्र, निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न हुआ।
चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद तारक सरकार को नवनिर्वाचित उप-प्रधान के रूप में शपथ दिलाई गई। इस अवसर पर पंचायत सदस्यों, स्थानीय निवासियों और ग्रामीण विकास विभाग के अधिकारियों की उपस्थिति ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया के महत्व को और मजबूत किया। एसडीएम ने इस दौरान चुनाव की व्यवस्था की सराहना करते हुए प्रशासन की प्रतिबद्धता को भी स्पष्ट किया कि पंचायत चुनावों का संचालन पूरी तरह से जन आकांक्षाओं और लोकतांत्रिक अधिकारों के अनुरूप किया गया है।
इसके अलावा, एसडीएम ने लिटिल अंडमान तहसीलदार कार्यालय में एक शिविर अदालत का आयोजन किया, जिसमें भूमि परिवर्तन से संबंधित 18 मामलों की सुनवाई की गई। इन मामलों में शीघ्र समाधान प्रदान करने के लिए उन्होंने तत्काल राहत देने के प्रयास किए। शिविर अदालत के आयोजन से यह सुनिश्चित किया गया कि ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोग आसानी से अपनी समस्याओं का समाधान प्राप्त कर सकें, और प्रशासन का नागरिकों के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण दर्शाया गया।
अपने दौरे के दौरान, एसडीएम ने स्थानीय निवासियों के साथ मुलाकात की और विकास कार्यों, सरकारी योजनाओं की प्रगति, तथा क्षेत्रीय समस्याओं की समीक्षा भी की। उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि सभी योजनाओं का समय पर और सही तरीके से कार्यान्वयन हो, ताकि स्थानीय लोगों को अधिकतम लाभ मिल सके।
एसडीएम के दौरे और उनकी सक्रियता से यह स्पष्ट होता है कि प्रशासन स्थानीय स्तर पर मजबूत लोकतांत्रिक प्रक्रिया और विकास कार्यों को सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है। शिविर अदालत और पंचायत चुनाव के आयोजन ने न केवल प्रशासनिक कार्यों में पारदर्शिता और गति को बढ़ाया, बल्कि स्थानीय लोगों में विश्वास भी पैदा किया।