

सन्मार्ग संवाददाता
श्री विजयपुरम : चाथम ब्रिज एकता मंच का प्रतिनिधिमंडल सोमवार को जहाजरानी सेवा निदेशालय के निदेशक से मिला, जहां द्वीपवासियों के दैनिक जीवन से जुड़ी कई महत्वपूर्ण समस्याओं पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक सौहार्दपूर्ण माहौल में हुई और इसमें मंच के सदस्यों ने उन मुद्दों पर प्रकाश डाला, जिनका समाधान लंबे समय से लंबित था तथा जिनका प्रभाव प्रतिदिन हजारों लोगों के आवागमन और आवश्यक सेवाओं पर पड़ रहा है। बैठक में सबसे पहले मासिक पास नवीनीकरण को ऑनलाइन उपलब्ध कराने की मांग रखी गई। वर्तमान व्यवस्था के तहत बंबूफ्लैट और डंडूपॉइंट क्षेत्रों के निवासियों को हर माह पास नवीनीकरण के लिए कार्यालय पहुंचना पड़ता है, जो समय-साध्य और असुविधाजनक प्रक्रिया है। मंच ने बताया कि डिजिटल सुविधा शुरू होने से लोगों का समय बचेगा और अनावश्यक भीड़ तथा प्रशासनिक दबाव दोनों कम होंगे। निदेशक ने इसे व्यवहारिक सुझाव बताते हुए जल्द ही तकनीकी रूप से मूल्यांकन शुरू करने की बात कही। दूसरी बड़ी मांग एम्बुलेंस या शव वाहन के साथ आने वाले परिचारकों को दोपहिया वाहन फेरी के माध्यम से फीनिक्स बे मार्ग पर ले जाने की अनुमति देने से संबंधित थी। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि कई बार मरीजों के परिजनों को अपने वाहन की आवश्यकता पड़ती है ताकि अस्पताल पहुंचने के बाद आवश्यक सामग्री लाने-ले जाने या वापस लौटने में परेशानी न हो। मंच ने सुझाव दिया कि आवश्यक दस्तावेजों और सत्यापन की प्रक्रिया को सुव्यवस्थित कर इस सुविधा को मानवता के आधार पर नियमित किया जा सकता है। निदेशक ने इस पर संवेदनशीलता दिखाते हुए कहा कि विभाग इस विषय पर विशेष प्राथमिकता से विचार करेगा।
तीसरी प्रमुख मांग बंबूफ्लैट मार्ग पर अतिरिक्त फेरी सेवाएँ शुरू करने की थी। द्वीपों के बीच आवागमन बढ़ने के साथ मौजूदा फेरी सेवाएँ अपर्याप्त साबित हो रही हैं। सुबह और शाम के व्यस्त समय में यात्रियों को लंबी लाइनें, देरी और असुविधा का सामना करना पड़ता है। प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि अतिरिक्त फेरी सेवाएँ शुरू होने से न केवल दैनिक यात्रियों को राहत मिलेगी, बल्कि आपातकालीन परिस्थितियों में भी समय की बचत होगी। निदेशक ने आश्वासन दिया कि फेरी की उपलब्धता और संचालन क्षमता का आकलन कर इस दिशा में व्यावहारिक कदम उठाए जाएंगे। बैठक समाप्त होने के बाद चाथम ब्रिज एकता मंच के सदस्यों ने निदेशक को धन्यवाद दिया और कहा कि उनकी तत्परता व सकारात्मक दृष्टिकोण से लोगों में उम्मीद जगी है। मंच ने विश्वास जताया कि विभाग प्राथमिकता के आधार पर इन सुझावों को लागू कर द्वीपवासियों के जीवन को सुगम बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाएगा।