धर्म नहीं, मानवता ही भारत की सच्ची पहचान है: अमित मित्रा

सिस्टर निवेदिता के आदर्शों का दिया हवाला
डॉ. अमित मित्रा
डॉ. अमित मित्रा
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कोलकाता: बंगाल में एसआईआर को लेकर मची उथल-पुथल के बीच सिस्टर निवेदिता की जयंती पर उनके आदर्शों का हवाला देते हुए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के मुख्य आर्थिक सलाहकार और पूर्व वित्त मंत्री डॉ. अमित मित्रा ने बीजेपी पर तीखा प्रहार किया।

डॉ. मित्रा ने गुरुवार को अपने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर एक पोस्ट में लिखा, 122 साल पहले सिस्टर निवेदिता ने कहा था,‘भारत को एक महान राष्ट्रीय भावना से देखना चाहिए, जहाँ हिंदू और मुसलमान एक-दूसरे का सम्मान और प्रेम करें।’ आज उनकी यही वाणी उन ताकतों को चुनौती देती है जो घृणा और विभाजन की राजनीति पर निर्भर हैं।

उन्होंने बीजेपी पर आरोप लगाया कि मनीषियों के विचारों को विकृत कर राजनीतिक लाभ उठाया जा रहा है। धर्म और अध्यात्म की व्याख्या को उस रूप में पेश किया जा रहा है जो उनके असली आदर्शों के विपरीत है। अमित मित्रा ने कहा, यह देश सबका है। धर्म नहीं, मानवता ही भारत की सच्ची पहचान है।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बयान तृणमूल कांग्रेस की वैचारिक स्थिति को स्पष्ट करता है कि भारत की आत्मा विभाजन नहीं, एकता में बसती है।

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