टैक्सी और 'यात्री साथी' ऐप कैब का किराया बढ़ाने की मांग पर सीएम को पत्र

पांच साल से नहीं बदला किराया, ईंधन और स्पेयर पार्ट्स की कीमतों में भारी उछाल
AITUC Demands Fare Revision for Taxi and Yatri Sathi App Cab in West Bengal
सांकेतिक फोटो REP
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निधि, सन्मार्ग संवाददाता

कोलकाता: नेशनल फेडरेशन ऑफ इंडियन रोड ट्रांसपोर्ट वर्कर्स (NFIRTW-AITUC) ने पश्चिम बंगाल के नवनियुक्त मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी को पत्र लिखकर राज्य के परिवहन क्षेत्र में सुधार और टैक्सी व सरकारी 'यात्री साथी' ऐप कैब के किराए में संशोधन की मांग की है। संगठन के उपाध्यक्ष नवल किशोर श्रीवास्तव ने मुख्यमंत्री को बधाई देते हुए याद दिलाया कि वे 2016 से 2021 तक परिवहन मंत्री रह चुके हैं, इसलिए वे इस क्षेत्र की समस्याओं से भली-भांति वाकिफ हैं।

पत्र में आरोप लगाया गया है कि तृणमूल कांग्रेस के पिछले कार्यकाल (2021-2026) के दौरान राज्य की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। साल 2018 के बाद से टैक्सी या सरकारी नियंत्रण वाले 'यात्री साथी' प्लेटफॉर्म के किरायों में कोई बदलाव नहीं किया गया है, जबकि हाल ही में पेट्रोल-डीजल के दामों में भारी बढ़ोतरी हुई है। इसके अलावा 2011 से 2026 के बीच वाहनों के स्पेयर पार्ट्स और दैनिक उपयोग की आवश्यक वस्तुओं की कीमतें आसमान छू चुकी हैं। चालकों को पुलिस प्रताड़ना का भी सामना करना पड़ रहा है।

परिवहन क्षेत्र को संकट से उबारने के लिए एटक (AITUC) ने मुख्यमंत्री से की बैठक की अपील

यूनियन ने मांग की है कि ईंधन की बढ़ती कीमतों को देखते हुए गैर-एसी (Non-AC) वाहनों के मौजूदा न्यूनतम किराए (20 रुपये) और एसी (AC) वाहनों के किराए (25 रुपये) के बेस फेयर में 5 रुपये की अतिरिक्त बढ़ोतरी की जाए। साथ ही, इन किरायों का प्रशासन और विनियमन सरकार द्वारा किया जाए। संगठन ने मुख्यमंत्री से अनुरोध किया है कि परिवहन विभाग और सभी यूनियनों के साथ एक संयुक्त बैठक बुलाकर इस समस्या का सम्मानजनक समाधान निकाला जाए।

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