निधि, सन्मार्ग संवाददाता
नदिया : पश्चिम बंगाल के नदिया जिले के हरिणघाटा थाना अंतर्गत बिरही इलाके में शनिवार को एक भीषण सड़क हादसे ने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी। राष्ट्रीय राजमार्ग-12 (NH-12) पर एक तेज रफ्तार 12 चक्का लारी ने एक युवक को कुचल दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना से आक्रोशित स्थानीय निवासियों ने सड़क पर उतरकर जोरदार प्रदर्शन किया और घंटों तक राजमार्ग को बाधित रखा।
मृतक युवक की पहचान स्थानीय निवासी ओलिव घोष के रूप में हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ओलिव अपनी सामान्य दिनचर्या के तहत सड़क पार कर रहा था, तभी एक बेकाबू 12 चक्का लारी ने उसे जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि युवक को संभलने का मौका तक नहीं मिला और घटनास्थल पर ही उसने दम तोड़ दिया।
हादसे के तुरंत बाद इलाके में तनाव फैल गया। प्रशासन और ट्रैफिक पुलिस के प्रति गुस्सा जाहिर करते हुए स्थानीय ग्रामीणों ने राष्ट्रीय राजमार्ग-12 को पूरी तरह अवरुद्ध कर दिया। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि इस मार्ग पर दुर्घटनाएं अब रोज की बात हो गई हैं, लेकिन प्रशासन मूकदर्शक बना हुआ है। घंटों तक चले इस सड़क जाम के कारण राजमार्ग के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे यात्रियों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा।
ग्रामीणों ने राणाघाट जिला पुलिस के अधीन हरिणघाटा-मोहनपुर ट्रैफिक विभाग पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि:
ट्रैफिक सिग्नल क्षेत्र में पुलिस की निगरानी शून्य के बराबर है।
ड्यूटी पर तैनात सिविक वॉलंटियर्स (Civic Volunteers) अपनी जिम्मेदारी निभाने के बजाय लापरवाही बरतते हैं, जिसके कारण भारी वाहन अनियंत्रित गति से चलते हैं।
सिग्नल व्यवस्था ठीक न होने के कारण पैदल चलने वालों और स्थानीय निवासियों की जान हमेशा जोखिम में रहती है।
घटना की सूचना मिलते ही मोहनपुर ट्रैफिक प्रभारी (OC) और मोहनपुर जांच केंद्र की पुलिस भारी बल के साथ मौके पर पहुँची। पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद उत्तेजित भीड़ को शांत कराया और आश्वासन दिया कि यातायात व्यवस्था में सुधार किया जाएगा। पुलिस ने घातक 12 चक्का लारी को जब्त कर लिया है और उसके चालक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
पुलिस के हस्तक्षेप और उचित कार्रवाई के भरोसे के बाद ही प्रदर्शनकारियों ने जाम खोला, जिसके बाद धीरे-धीरे यातायात सामान्य हो सका। स्थानीय लोगों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस व्यस्त मोड़ पर पर्याप्त सुरक्षा उपाय और कड़ी पुलिस गश्त सुनिश्चित नहीं की गई, तो वे फिर से बड़े आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।