

कोलकाता : उत्तर बंगाल विकास मंत्री निशीथ प्रमाणिक ने विधानसभा में विभागीय बजट पर चर्चा का जवाब देते हुए दावा किया कि उत्तर बंगाल विकास विभाग में लंबे समय से चली आ रही अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के खिलाफ सरकार ने सख्त कार्रवाई शुरू कर दी है।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर 122 एजेंसियों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है तथा उन्हें ब्लैकलिस्ट करने का निर्णय लिया गया है। उनका कहना था कि भ्रष्टाचार या सरकारी धन के दुरुपयोग में लिप्त किसी भी एजेंसी को भविष्य में विभाग की किसी भी परियोजना में काम करने का अवसर नहीं मिलेगा।
मंत्री ने कहा कि वर्तमान सरकार ''जीरो टॉलरेंस'' की नीति पर काम कर रही है और विभागीय बजट का समयबद्ध तथा शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकार के कार्यकाल में उत्तर बंगाल की उपेक्षा हुई और विभाग के बजट का बड़ा हिस्सा वित्तीय वर्ष के भीतर खर्च ही नहीं हो पाता था।
निशीथ प्रमाणिक ने उत्तर बंगाल के लिए कई नई योजनाओं की भी घोषणा की। उन्होंने बताया कि प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में हर वर्ष 10 नए पुल बनाए जाएंगे। दार्जिलिंग, कालिम्पोंग, कर्सियांग और मिरिक में आधुनिक हाइड्रोलिक पार्किंग विकसित की जाएगी।
पूरे उत्तर बंगाल में 100 पर्यटन सूचना केंद्र स्थापित किए जाएंगे। इसके अलावा, सान्दाकफू में पर्यटकों के लिए वातानुकूलित कंटेनर होम बनाए जाएंगे तथा फिल्म शूटिंग से संबंधित सभी अनुमतियों के लिए सिंगल विंडो व्यवस्था शुरू की जाएगी।
स्वास्थ्य क्षेत्र में दार्जिलिंग में इमरजेंसी ट्रॉमा केयर सेंटर स्थापित किया जाएगा, जबकि अलीपुरद्वार, कालिम्पोंग और दक्षिण दिनाजपुर में मेडिकल कॉलेज खोलने की योजना है। मालदा में बहुउद्देशीय कोल्ड स्टोरेज बनाया जाएगा।
साथ ही प्रत्येक जिले में इंडोर स्टेडियम तथा लोक संस्कृति के संरक्षण के लिए विशेष अकादमी स्थापित की जाएगी। मंत्री निशीथ प्रमाणिक ने सभी दलों के विधायकों से विकास कार्यों में सहयोग की अपील करते हुए कहा कि विभाग का दरवाजा सभी जनप्रतिनिधियों के लिए हमेशा खुला रहेगा।