दुर्गा पूजा के दौरान दस हजार से अधिक पुलिस कर्मी रहेंगे तैनात, सुरक्षा व्यवस्था कड़ी

60 वॉच टॉवर और 1700 सीसीटीवी कैमरे से होगी निगरानी
कोलकाता
महानगर के पूजा पंडाल के बाहर पुलिस कर्मी और दर्शनार्थियों की भीड़कोलकाता
Published on

कोलकाता : इस बार दुर्गा पूजा के दौरान शहर में सुरक्षा व्यवस्था बेहद सुदृढ़ की गयी है। लालबाजार ने दस हजार से अधिक पुलिसकर्मियों को सड़कों पर तैनात करने का निर्णय लिया है। भीड़ में सभी वरिष्ठ अधिकारियों सहित सभी डीसी, संयुक्त पुलिस आयुक्त, अतिरिक्त आयुक्त समेत वरिष्ठ अधिकारियों की लगातार मौजूदगी सुनिश्चित की जाएगी। लालबजार के अनुसार चतुर्थी से ही महानगर की सड़कों पर पुलिस कर्मियों को तैनात किया जाएगा। इनमें ट्रैफिक पुलिस कर्मी और टेम्पोररी होमगार्ड भी शामिल हैं। इसके अलावा कई बड़े पूजा पंडालों में रात के वक्त नाइटफोर्स और दिन के समय डे फोर्स भी तैनात की जाएगी। इसके अलावा कई जगहों पर साइबर कियोस्क के जरिए लोगों को साइबर क्राइम के प्रति जागरूक किया जाएगा।

24 घंटे रहेगी पुलिस की निगरानी

पूजा के दौरान महानगर के विभिन्न इलाकों में 60 से अधिक वॉच टावर लगाए गए हैं, जिनसे लगातार भीड़ पर नजर रखी जाएगी। पुलिस की तैनाती सुबह से रात तक 24 घंटे चलेगी। सुबह के वक्त जहां दर्शकों की भीड़ कम होती है, वहीं दोपहर 3:30 बजे से पुलिस बल की संख्या बढ़ा दी जाएगी, ताकि बढ़ती भीड़ पर कड़ी नजर रखी जा सके।संपूर्ण शहर में सुरक्षा व्यवस्था के लिए लगभग 1700 से 1800 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इनमें से अधिकांश कैमरे कोलकाता ट्रैफिक पुलिस ने लगाए हैं, वहीं पूजा समितियों द्वारा भी अतिरिक्त सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जिनका उपयोग सुरक्षा व्यवस्था में किया जाएगा। यातायात नियंत्रण के लिए 4,500 यातायात पुलिसकर्मी सड़कों पर तैनात रहेंगे।

शहर के 27 महत्वपूर्ण मंडपों पर दिन-रात निगरानी रखी जाएगी। प्रमुख पूजा स्थलों के अलावा 203 मध्यम आकार की पूजा स्थलों पर भी पुलिस बल तैनात रहेगा। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए शहर में कुल 125 पुलिस चौकियां स्थापित की गई हैं, जिनमें से 52 निगरानी टावर भी शामिल हैं।

62 गश्ती पीसीआर वाहन, 16 भारी रेडियो उड़नदस्ते, 13 विशेष भारी रेडियो उड़नदस्ते और 30 पीसीआरएम वाहन सुरक्षा कार्यों में लगे रहेंगे। इसके साथ ही पर्याप्त संख्या में मोबाइल पुलिस सहायता वैन और यातायात पुलिस सहायता वाहन भी उपलब्ध रहेंगे।

तत्काल प्रतिक्रिया के लिए 12 त्वरित प्रतिक्रिया दल सक्रिय रहेंगे। अग्निशमन केंद्रों की सुरक्षा के लिए 11 वायरलेस वैन तैनात की गई हैं। स्वास्थ्य आपात स्थिति के लिए 14 ट्रॉमा केयर एम्बुलेंस और 10 मोबाइल गुमशुदा व्यक्ति दस्ते भी उपलब्ध रहेंगे।

कोलकाता के 32 मेट्रो स्टेशनों में से प्रत्येक पर औसतन 11 अतिरिक्त पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं। इसके साथ ही 20 स्कूटी पर 40 विजेता और निगरानी के लिए पर्याप्त संख्या में ड्रोन भी लगाए गए हैं। सुरक्षा के बेहतर इंतजामों के लिए अतिरिक्त नियंत्रण कक्ष भी बनाए गए हैं।

कालीघाट मंदिर सहित आठ प्रमुख मंदिरों, चिड़ियाघरों, पार्कों और साइंस सिटी में भी अतिरिक्त पुलिस तैनात की गई है ताकि सभी जगहों पर सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।

logo
Sanmarg Hindi daily
sanmarg.in