

अहमदाबाद : अहमदाबाद में बुधवार को करीब 10 निजी स्कूलों को ईमेल के जरिए बम धमाके की धमकी मिलने से हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां सक्रिय हो गईं। बम निरोधक दस्ते, श्वान दस्ता और अन्य सुरक्षा दलों ने संबंधित स्कूलों में पहुंचकर गहन तलाशी अभियान चलाया। जांच के दौरान किसी भी स्कूल परिसर से कोई संदिग्ध वस्तु या विस्फोटक सामग्री नहीं मिली। अधिकारियों ने इसके बाद धमकियों को फर्जी करार दिया।
पुलिस के मुताबिक, धमकी भरे ईमेल में दावा किया गया था कि बुधवार सुबह संबंधित स्कूलों में बम धमाके किए जाएंगे। ईमेल मिलने के बाद स्कूल प्रशासन ने तत्काल पुलिस को इसकी सूचना दी। इसके बाद सुरक्षा के मद्देनजर स्कूल परिसरों की व्यापक जांच की गई और संभावित खतरे को देखते हुए सभी जरूरी कदम उठाए गए।
‘खालिस्तान नेशनल आर्मी’ से जुड़ा होने का दावा
सूत्रों के अनुसार, धमकी भेजने वाले व्यक्ति ने खुद को कथित तौर पर ‘खालिस्तान नेशनल आर्मी’ से जुड़ा बताया। ईमेल में अहमदाबाद और दिल्ली में होने वाले दो संगीत कार्यक्रमों को लेकर भी धमकी दी गई थी। धमकी में कहा गया था कि एक नवंबर को दिल्ली के जवाहरलाल नेहरू (जेएलएन) स्टेडियम और 21 नवंबर को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में बम विस्फोट किए जाएंगे। इन दोनों तारीखों पर गायक दिलजीत दोसांझ के संगीत कार्यक्रम प्रस्तावित हैं। ईमेल में लोगों को इन कार्यक्रमों में शामिल होने से भी चेतावनी दी गई थी।
पुलिस ने स्कूलों में चलाया सघन तलाशी अभियान
जोन-7 के पुलिस उपायुक्त शिवम वर्मा ने बताया कि करीब 10 स्कूलों को धमकी भरे ईमेल मिले थे। सूचना मिलने के बाद पुलिस की टीमें तत्काल सभी संबंधित संस्थानों में पहुंचीं और पूरी तरह तलाशी ली गई। उन्होंने कहा कि जांच के दौरान किसी भी स्कूल में कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली। सुरक्षा एजेंसियों ने परिसर के अलग-अलग हिस्सों, कक्षाओं और अन्य संवेदनशील स्थानों की जांच की। अधिकारियों ने स्कूल प्रबंधन और कर्मचारियों से भी आवश्यक जानकारी जुटाई।
पहले भी मिल चुकी हैं ऐसी धमकियां
पुलिस अधिकारी ने बताया कि अहमदाबाद में हाल के दिनों में स्कूलों के अलावा अदालतों और अन्य संस्थानों को भी इसी तरह की फर्जी धमकियां मिल चुकी हैं। ऐसे मामलों में पुलिस हर सूचना को गंभीरता से लेते हुए सुरक्षा जांच करती है, ताकि किसी वास्तविक खतरे की आशंका को समय रहते दूर किया जा सके। फिलहाल पुलिस धमकी भरे ईमेल के स्रोत और इसे भेजने वाले व्यक्ति की पहचान का पता लगाने में जुटी है। अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा जांच में किसी तरह की संदिग्ध गतिविधि या विस्फोटक सामग्री सामने नहीं आई है। इसके बावजूद संबंधित संस्थानों और आगामी आयोजनों को लेकर सुरक्षा व्यवस्था पर लगातार नजर रखी जा रही है।