

वडोदरा : लीग चरण में खेल के प्रत्येक विभाग में अच्छा प्रदर्शन करके उत्साह से लबरेज रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरू (RCB) की टीम गुरुवार को यहां होने वाले महिला प्रीमियर लीग (WPL) के फाइनल में दूसरा खिताब जीतने की कोशिश करेगी जबकि पिछले तीन बार की उपविजेता दिल्ली कैपिटल्स की टीम खिताबी मुकाबले में हार के मिथक को तोड़ने के लिए अपनी तरफ से कोई कसर नहीं छोड़ेगी। इन दोनों टीम के हाल के प्रदर्शन को देखते हुए यह निश्चित है कि फाइनल में रोमांचक मुकाबला देखने को मिलेगा। पूर्व चैंपियन RCB ने इस सत्र में शानदार प्रदर्शन किया है और मुश्किल परिस्थितियों में वापसी करने की अपनी क्षमता भी साबित की है। इसी जुझारूपन की बदौलत उसने लगातार पांच जीत के साथ अपने अभियान की शुरुआत करते हुए इतिहास रचा। वह WPL में ऐसा करने वाली पहली टीम बन गई। इस सत्र में RCB की किसी न किसी खिलाड़ी ने जरूरत के समय अच्छा प्रदर्शन किया है जिससे उसे हराना किसी भी टीम के लिए चुनौती बन गई है।
स्मृति मंधाना की अगुवाई वाली RCB दूसरा खिताब जीतकर मुंबई इंडियंस की बराबरी करना चाहेगी। पिछले दो मैच में उसने शानदार प्रदर्शन करके अच्छी लय के साथ फाइनल में प्रवेश किया है। उसने यूपी वॉरियर्स को पिछले मैच में ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज ग्रेस हैरिस की 75 रन की तूफानी पारी से आठ विकेट से हराया जबकि गुजरात जायंट्स के खिलाफ गौतमी नाइक की 73 रन की पारी की मदद से 2024 की चैंपियन टीम ने 61 रन से जीत दर्ज की थी। RCB की चिंता इस सत्र में उसके कुछ बल्लेबाजों के प्रदर्शन में निरंतरता का अभाव रहा है। इनमें मंधाना, हैरिस, जॉर्जिया वोल और ऋचा घोष भी शामिल हैं लेकिन कुछ अवसरों पर उनका योगदान निर्णायक साबित हुआ है। वहीं तेज गेंदबाज नादिन डी क्लर्क और सायली सतघरे ने अहम मौकों पर शानदार प्रदर्शन किया है। दक्षिण अफ्रीका की नादिन डी क्लर्क ने इस सत्र में आठ मैचों में 15 विकेट लिए हैं जिनमें उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 22 रन देकर चार विकेट है।
फाइनल में उनकी भूमिका निर्णायक साबित हो सकती हैं। श्रेयांका पाटिल टीम को स्पिन विभाग में मजबूती प्रदान करती हैं, जिसका प्रमाण गुजरात जायंट्स के खिलाफ मिली जीत में देखने को मिला, जिसमें उन्होंने पांच विकेट लिए थे। मंधाना की टीम की खासियत एक संतुलित और महत्वपूर्ण क्षणों में शानदार प्रदर्शन करना है। वह उम्मीद कर रही होंगी कि कुछ और खिलाड़ी इस खिताबी मुकाबले में अच्छा प्रदर्शन करके दिल्ली कैपिटल्स की चुनौती को ध्वस्त करने में योगदान देंगे। दिल्ली कैपिटल्स इस बार नई कप्तान जेमिमा रोड्रिग्स के नेतृत्व में अच्छा प्रदर्शन कर रही है। वह फाइनल में पिछले तीन टूर्नामेंट में उपविजेता रहने के बाद पहली जीत के लिए बेताब हैं। दिल्ली कैपिटल्स ने अपनी गेंदबाजी लाइनअप पर पूरा भरोसा जताया है, जिसमें तेज गेंदबाज चिनले हेनरी और नंदनी शर्मा ने नई गेंद से शानदार प्रदर्शन किया है।
नंदनी ने इस सत्र में अभी तक 16 विकेट लेकर भारतीय टीम में जगह बनाने का दावा पेश किया है। वह लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रही है। बल्लेबाजी की बात करें तो दिल्ली कैपिटल्स की बल्लेबाजी लाइनअप भी लय में आने लगी है। गुजरात जायंट्स के खिलाफ एलिमिनेटर मैच में लिज़ेल ली ने उपयोगी योगदान दिया, वहीं शेफाली वर्मा ने अपनी खराब फॉर्म को पीछे छोड़ते हुए दक्षिण अफ्रीकी बल्लेबाज के साथ अर्द्धशतकीय साझेदारी की। शीर्ष क्रम की भरोसेमंद बल्लेबाज लौरा वोलवार्ट ने पूरे सत्र में टीम को वह स्थिरता प्रदान की है। दक्षिण अफ्रीकी खिलाड़ियों से प्रभावित होकर बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में ही कैपिटल्स को काफी फायदा हुआ है। उसका प्रत्येक खिलाड़ी फाइनल में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने के लिए बेताब होगा। लेकिन दिल्ली कैपिटल्स को अगर मिथक तोड़ना है तो उसे खेल के महत्वपूर्ण अवसरों पर अच्छा प्रदर्शन करना होगा।