

बेलफास्ट : श्रेयस अय्यर की कप्तानी में भारत जब आयरलैंड के खिलाफ शुक्रवार को शुरू होने वाली दो मैचों की सीरीज के पहले मैच से T-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपने नए युग की शुरुआत करेगा तो उसके लिए सबसे बड़ी चुनौती क्रिकेट जगत की नई सनसनी वैभव सूर्यवंशी को अंतिम एकादश में फिट करना होगा। पंद्रह वर्षीय सूर्यवंशी ने IPL में शानदार प्रदर्शन किया था जिसके दम पर उन्होंने सीनियर राष्ट्रीय टीम में जगह बनाई। उन्होंने हाल में श्रीलंका ए के खिलाफ त्रिकोणीय सीरीज के फाइनल में 29 गेंद पर 94 रन की तूफानी पारी खेली थी जिससे उनके अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण को लेकर उत्सुकता बढ़ गई है।
आम क्रिकेट प्रेमी यही चाहता है कि सूर्यवंशी को इस मैच में मौका मिले लेकिन टीम प्रबंधन के लिए यह काम आसान नहीं होगा। भारत के शीर्ष क्रम के तीन बल्लेबाज संजू सैमसन, अभिषेक शर्मा और ईशान किशन हैं। उनके टी20 रिकॉर्ड को नजरअंदाज करना आसान नहीं है। न्यूजीलैंड के खिलाफ मार्च में ICC T-20 विश्व कप के फाइनल में मिली जीत में सैमसन, अभिषेक और किशन ने अर्द्धशतक बनाए थे। इसके बाद भारत ने सबसे छोटे प्रारूप में कोई मैच नहीं खेला है।
टीम प्रबंधन अगर सूर्यवंशी को सलामी बल्लेबाज के रूप में शामिल करता है तो फिर सैमसन या अभिषेक में से किसी एक को या तो बल्लेबाजी क्रम नीचे खेलना होगा या टीम से बाहर होना पड़ेगा। विश्व कप खिताब जीतने के बाद यह कठोर कदम होगा। टीम प्रबंधन सैमसन को मध्य क्रम में भेज सकता है, क्योंकि वह पहले भी चौथे और पांचवें नंबर पर बल्लेबाजी कर चुके हैं।लेकिन अब उन स्थान पर कप्तान अय्यर और उप-कप्तान तिलक वर्मा खेलेंगे और ऐसे में छठे नंबर पर ही जगह ही खाली रह जाएगी।
यह स्थान भी पारंपरिक रूप से ऑलराउंडर के लिए रखा जाता है तथा भारत के पास शिवम दुबे, वाशिंगटन सुंदर, अक्षर पटेल और सूर्यांश शेडगे के रूप में कई विकल्प मौजूद हैं। सैमसन को छठे नंबर पर बल्लेबाजी के लिए उतारने से भारत को केवल पांच गेंदबाजों के साथ मैदान पर उतरना पड़ेगा। जसप्रीत बुमराह, मोहम्मद सिराज और वरुण चक्रवर्ती की अनुपस्थिति में यह विभाग पहले से ही कमजोर नजर आता है। सैमसन ने सलामी बल्लेबाज के रूप में 28 पारियों में 926 रन बनाए हैं, जिसमें तीन शतक और चार अर्द्धशतक शामिल हैं। उनका स्ट्राइक रेट 181.93 है। तीसरे, चौथे और पांचवें नंबर पर उनका स्ट्राइक रेट क्रमशः 121, 129 और 127 है।
T-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में दुनिया के नंबर एक बल्लेबाज अभिषेक ने सलामी बल्लेबाज के रूप में 43 पारियों में दो शतक और 10 अर्द्धशतकों की मदद से 1414 रन बनाए हैं। उनका स्ट्राइक रेट 192.38 है, जो बेहद प्रभावशाली है। IPL 2026 में अभिषेक (563), किशन (602) और सैमसन (477) का प्रदर्शन भी शानदार रहा। किशन ने हाल ही में लखनऊ में अफगानिस्तान के खिलाफ दूसरे वनडे में 125 रन भी बनाए थे। इसलिए मुख्य कोच गौतम गंभीर और अय्यर को इस पर गंभीरता से विचार करना होगा कि क्या सूर्यवंशी को पदार्पण का मौका दिया जाए या फिलहाल विजयी संयोजन को बरकरार रखा जाए। लेकिन सूर्यवंशी की मौजूदगी से सैमसन और अभिषेक पर लगातार अच्छा प्रदर्शन करने का दबाव बढ़ेगा।
अय्यर पूर्णकालिक कप्तान के रूप में शुरुआत करेंगे। IPL में उनका कप्तानी का रिकॉर्ड शानदार रहा है। उनकी कप्तानी में कोलकाता नाइट राइडर्स ने 2024 में खिताब जीता था जबकि एक साल बाद पंजाब किंग्स ने उनकी कप्तानी में फाइनल में जगह बनाई थी। गेंदबाजी में भारत के पास दूसरी पंक्ति के गेंदबाज हैं, लेकिन यह सीरीज और इंग्लैंड के खिलाफ अगली सीरीज में उनके पास अपनी क्षमता साबित करने का शानदार मौका होगा।
हर्षित राणा की चोट से वापसी ने भारत को तेज गेंदबाजी इकाई में अधिक विकल्प जोड़ दिए हैं, लेकिन उन्हें प्रसिद्ध कृष्णा और प्रिंस यादव से कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ेगा। प्रसिद्ध और प्रिंस दोनों ही शानदार फॉर्म में हैं। दूसरी ओर आयरलैंड को जोश लिटिल, मार्क एडायर, पॉल स्टर्लिंग और कर्टिस कैम्फर की कमी खलेगी जो चोटिल होने के कारण इस सीरीज में नहीं खेल पाएंगे। उनके पास लोरकान टकर के रूप में नया कप्तान है। उनके अलावा उसे जॉर्ज डॉकरेल, गैरेथ डेलानी, हैरी टेक्टर और भारतीय मूल के जय मूंदरा से अच्छा प्रदर्शन करने की उम्मीद होगी।
टीम इस प्रकार हैं :
भारत : श्रेयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा (उप-कप्तान), रवि बिश्नोई, अभिषेक शर्मा, सूर्यांश शेडगे, प्रसिद्ध कृष्णा, संजू सैमसन, अक्षर पटेल, हर्षित राणा, इशान किशन, वाशिंगटन सुंदर, अर्शदीप सिंह, शिवम दुबे, प्रिंस यादव, वैभव सूर्यवंशी।
आयरलैंड : लोरकान टकर (कप्तान), रॉस एडायर, बेन कैलिट्ज़, गैरेथ डेलानी, जॉर्ज डॉकरेल, स्टीफन डोहनी, मैथ्यू हम्फ्रीज़, गैविन होए, मैथ्यू हॉलार्ड, लियाम मैकार्थी, जय मूंदरा, हैरी टेक्टर, टिम टेक्टर, रूबेन विल्सन।