

नयी दिल्ली : ओलंपिक की दोहरी कांस्य पदक विजेता मनु भाकर सोमवार को यहां स्वर्ण पदक जीतने के बेहद करीब पहुंचकर रोमांचक शूट ऑफ में पिछड़ गईं जिससे उन्हें एशियाई चैंपियनशिप की 25 मीटर पिस्टल स्पर्धा में रजत पदक से संतोष करना पड़ा जबकि उनकी साथी भारतीय निशानेबाज ईशा सिंह को कांस्य पदक मिला। महाद्वीपीय प्रतियोगिता के मौजूदा सत्र के सबसे करीब मुकाबले में से एक में स्वर्ण पदक विजेता एनगुयेन थुय ट्रेंग और मनु दोनों ने फाइनल में समान 35 का स्कोर किया।
इसके बाद मुकाबला शूट ऑफ में खिंचा जिसमें वियतनाम की खिलाड़ी ने बाजी मार ली।
फाइनल में पूर्व एशियाई एयर पिस्टल चैंपियन ट्रेंग, मनु, ईशा और ओलंपियन रिदम सांगवान सभी स्वर्ण के लिए एक-दूसरे को कड़ी टक्कर दे रहे थे। ईशा ने पहली सीरीज में परफेक्ट पांच अंक से शुरुआत की जबकि मनु और ट्रेंग ने चार-चार अंक के निशाने लगाए। हर सीरीज के बाद पदक की दौड़ में स्थिति बदल रही थी लेकिन छठी सीरीज में परफेक्ट पांच के साथ वियतनाम की खिलाड़ी ने दो अंक की बढ़त बना ली।
मनु और ईशा ने ट्रेंग की खराब सातवीं सीरीज का फायदा उठाया जिसमें वह सिर्फ एक निशाना लगा पाईं जिससे अंतर कम हो गया। आठवीं सीरीज के आखिर में 30 के स्कोर के साथ आगे चल रही ईशा नौवीं सीरीज में अपने सभी शॉट चूक गईं और उन्हें कांस्य पदक से संतोष करना पड़ा। अंतिम सीरीज में मनु ने तीन निशाने लगाए जबकि ट्रेंग दो की निशाने लगा पाईं जिससे दोनों का कुल स्कोर 35 हो गया और मुकाबला शूट ऑफ में खिंचा। इससे पहले ईशा ने ‘प्रिसिन’ और ‘ड्यूलिंग’ चरण के क्वालीफिकेशन दौर में 589 अंक के साथ शीर्ष स्थान हासिल किया।
उनके बाद मनु (584) रहीं। रिदम ने भी फाइनल में जगह बनाई जिससे आठ में से तीन निशानेबाज भारतीय थे। ईशा, मनु और रिदम की तिकड़ी ने कुल 1,751 अंक के साथ टीम स्वर्ण जीता। चीनी ताइपे को 1,735 अंक के साथ रजत जबकि वियतनाम को 1,729 अंक के साथ कांस्य पदक मिला। जूनियर 25 मीटर पिस्टल फाइनल में नाम्या कपूर ने रोमांचक शूट ऑफ में स्वर्ण पदक जीता। विश्व चैंपियनशिप पदक जीतने वाली सबसे कम उम्र की भारतीय खिलाड़ी ने इंडोनेशिया की रिहादतुल अस्यिफा को पछाड़ा। अंजलि भागवत ने कांस्य पदक जीता। जूनियर भारतीय टीम ने इस स्पर्धा में टीम स्वर्ण भी जीता।