नागराकाटा : कूर्ती नदी का घुटनों तक भरा पानी पार कर माध्यमिक परीक्षार्थियों को परीक्षा केंद्र तक आना-जाना करना पड़ रहा है। स्थिति इतनी गंभीर है कि छात्रों को ले जाने वाले टोटो को भी नदी पार कराने के लिए परीक्षार्थियों को उतरकर धक्का देना पड़ रहा है। यह दृश्य मेटेली प्रखंड के विधाननगर ग्राम पंचायत अंतर्गत गोबराबस्ती और मेटेली बाताबाड़ी-एक नंबर ग्राम पंचायत के गोयालडांगा क्षेत्र के बीच स्थित कूर्ती नदी पर देखा गया। इस मार्ग से बड़ी संख्या में माध्यमिक परीक्षार्थी प्रतिदिन परीक्षा देने के लिए गुजर रहे हैं। इस वर्ष चालसा गयानाथ विद्यापीठ के छात्रों का परीक्षा केंद्र विधाननगर उच्च विद्यालय निर्धारित किया गया है, जबकि विधाननगर उच्च विद्यालय के परीक्षार्थियों का केंद्र चालसा गयानाथ विद्यापीठ में रखा गया है।परीक्षा के दिनों में चालसा और विधाननगर क्षेत्र के छात्र टोटो या दोपहिया वाहन से कूर्ती नदी का घुटनों तक पानी पार कर जान जोखिम में डालकर परीक्षा केंद्र पहुंच रहे हैं।
किसी भी समय बड़ी दुर्घटना घटने की आशंका बनी हुई है। हालांकि नदी के दोनों किनारों पर प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के तहत पक्की सड़कें बनाई गई हैं, लेकिन इस स्थान पर पुल का निर्माण न होने के कारण स्थानीय लोगों और छात्रों को मजबूरी में इस खतरनाक रास्ते से आवागमन करना पड़ रहा है। स्थानीय स्तर पर लंबे समय से कूर्ती नदी पर पुल निर्माण की मांग की जा रही है। परीक्षार्थी पल्लवी पारवीन ने बताया कि परीक्षा के दौरान घुटनों तक पानी पार कर परीक्षा केंद्र जाना पड़ रहा है, जिससे काफी कठिनाई होती है। यदि नदी पर पुल होता, तो आवागमन बहुत आसान हो जाता।
वहीं टोटो चालक फैज़ुल हक ने बताया कि नदी पार करते समय छात्रों को टोटो से उतरना पड़ता है। खाली टोटो को पानी से निकालकर सड़क तक लाया जाता है और छात्र खुद टोटो को धक्का देकर ऊपर चढ़ाते हैं। पुल न होने के कारण रोज़ इसी तरह छात्रों को परीक्षा केंद्र तक पहुंचाना पड़ रहा है।
इस विषय में जलपाईगुड़ी जिला परिषद के सदस्य रेज़ाउल बाकी ने पहले ही बताया है कि कूर्ती नदी पर पुल निर्माण के लिए जिला परिषद द्वारा काफी पहले संबंधित विभागों को प्रस्ताव भेजा जा चुका है।