

सिलीगुड़ी : दार्जिलिंग की ऐतिहासिक पहचान और पहाड़ों के बीच दौड़ने वाली मशहूर टॉय ट्रेन को एक और बड़ी अंतरराष्ट्रीय पहचान मिली है। दार्जिलिंग हिमालयन रेलवे (डीएचआर) को दुनिया के प्रमुख पर्यटन स्थलों में शामिल करते हुए लोनली प्लैनेट की ‘बेस्ट इन ट्रैवल 2027’ सूची में जगह दी गई है। इस उपलब्धि से दार्जिलिंग और पूरे पूर्वी हिमालय क्षेत्र के पर्यटन को वैश्विक स्तर पर नई पहचान मिलने की उम्मीद है। हर साल लोनली प्लैनेट के वैश्विक विशेषज्ञों की ओर से तैयार की जाने वाली ‘बेस्ट इन ट्रैवल' सूची में ऐसे पर्यटन स्थल और अनुभव शामिल किए जाते हैं, जिन्हें आने वाले वर्ष में यात्रियों के लिए विशेष आकर्षण माना जाता है। इस सूची में दार्जिलिंग हिमालयन रेलवे का शामिल होना इसके ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और पर्यटन महत्व को अंतरराष्ट्रीय मंच पर दर्शाता है। दार्जिलिंग हिमालयन रेलवे अपनी विरासत और औपनिवेशिक दौर की वास्तुकला के साथ पहाड़ी क्षेत्र की संस्कृति और प्राकृतिक सौंदर्य से जुड़ा हुआ है। कर्सियांग, दार्जिलिंग, सुकना, रोंगटोंग और महानदी जैसे इलाकों से गुजरने वाली टॉय ट्रेन लंबे समय से देश-विदेश के पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र रही है। डीएचआर की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया कि क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए कई स्थानीय पहल भी की जा रही हैं। घूम विंटर फेस्टिवल, स्टेशन महोत्सव और समर फेस्टिवल जैसे आयोजनों के जरिए ऐतिहासिक रेलवे स्टेशनों को सांस्कृतिक गतिविधियों से जोड़ा जा रहा है। इन आयोजनों के जरिए देश-विदेश के पर्यटकों को दार्जिलिंग की विरासत और स्थानीय संस्कृति से रूबरू कराने का प्रयास किया जा रहा है।इसके अलावा हेरिटेज जॉय राइड को पर्यावरण जागरूकता कार्यक्रमों से जोड़कर सामुदायिक भागीदारी और इको-टूरिज्म को बढ़ावा दिया जा रहा है। युवाओं को आकर्षित करने के लिए डिजिटल तकनीक और शैक्षणिक चार्टर जैसी नई गतिविधियों को भी पर्यटन अनुभव का हिस्सा बनाया जा रहा है।