

गंगटोक : सिक्किम डेमोक्रेटिक फ्रंट (एसडीएफ) ने रविवार को दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित ‘चलो दिल्ली’ विरोध प्रदर्शन के प्रति समर्थन और एकजुटता व्यक्त की। पार्टी ने इसे लोकतंत्र, संविधान और नागरिकों के मतदान अधिकारों की रक्षा के लिए सामूहिक संघर्ष बताया। एसडीएफ प्रवक्ता योजना खालिंग राई द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, भाजपा नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के शासन में लोकतंत्र गंभीर चुनौतियों का सामना कर रहा है। पार्टी ने चुनावी अनियमितताओं, निर्वाचन आयोग की कार्यप्रणाली पर उठ रहे सवालों और कथित ‘वोट चोरी’ के आरोपों को लेकर चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता और निष्पक्षता पर चिंता जताई। विज्ञप्ति में कहा गया कि रामलीला मैदान में प्रदर्शन का उद्देश्य कथित चुनावी अनियमितताओं के खिलाफ आवाज उठाना और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार से जवाबदेही की मांग करना है। एसडीएफ ने बताया कि अक्टूबर में जंतर-मंतर पर हुए पिछले प्रदर्शन में पार्टी के सदस्य शामिल हुए थे। इस बार सदस्य प्रदर्शन स्थल पर मौजूद नहीं हैं, लेकिन आंदोलन को उनका समर्थन जारी है। पार्टी ने स्पष्ट किया कि यह आंदोलन किसी एक राजनीतिक दल तक सीमित नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों, संवैधानिक अधिकारों और स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव में विश्वास रखने वाले नागरिकों की सामूहिक आवाज है। एसडीएफ ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त के इस्तीफे, ईवीएम प्रणाली समाप्त कर बैलेट पेपर से चुनाव कराने तथा राष्ट्रीय स्तर पर राष्ट्रपति शासन और राज्यों में राज्यपाल शासन के तहत चुनाव कराने की मांग की। साथ ही निर्वाचन आयोग में जनता का विश्वास बहाल करने और मतदान अधिकारों की रक्षा के लिए पारदर्शी व जवाबदेह कदम उठाने की अपील की।