

सिलीगुड़ी : पूर्वोत्तर भारत के प्रवेशद्वार सिलीगुड़ी शहर के होटलों में गत 14 महीनों से बांग्लादेशियों के लिए जारी बैन को अब हटा दिया गया है। अब कोई भी बांग्लादेशी सिलीगुड़ी के होटलों में ठहर सकते हैं। यहां उनका स्वागत है। ग्रेटर सिलीगुड़ी होटेलियर वेलफेयर एसोसिएशन ने इसकी घोषणा की है। इसे लेकर एसोसिएशन वालों ने सोमवार को शहर के एसएफ रोड स्थित एक होटल के सभागार में संवाददाता सम्मेलन किया। इसे संबोधित करते हुए एसोसिएशन के संयुक्त सचिव उज्ज्वल घोष ने उक्त घोषणा की।
उन्होंने कहा कि, बांग्लादेश में अशांति, हिंसा, विपरीत परिस्थिति एवं भारत के प्रति विद्वेषी रवैये, भारत के राष्ट्रध्वज के अपमान एवं भारत विरोधी बातों के मद्देनजर ही हमारे एसोसिएशन ने सदस्यों के बहुमत से 9 दिसंबर 2024 से उपरोक्त बैन लागू किया था। हालांकि, बीच में उस बैन में थोड़ी राहत दी गई। वह यह कि चिकित्सा एवं शिक्षा कारणों से आने वालों को बैन के दायरे से बाहर रखा गया। मगर, फिर दिसबर 2025 में संपूर्ण बैन लगा दिया गया था। इधर, बीती 12 फरवरी को बांग्लादेश में आम चुनाव हुआ और 17 फरवरी को नई गणतांत्रिक सरकार ने शपथ ली। नई सरकार ने भारत के साथ बेहतर संबंध की ओर रुख किया है। भारत व बांग्लादेश दोनों देशों ने एक-दूसरे के लिए वीजा शुरू करने की कवायद फिर शुरू कर दी है। अब हालात बेहतरी की ओर हैं। इसीलिए हम लोगों ने सिलीगुड़ी के होटलों में बांग्लादेशियों के ठहर सकने पर जो बैन लगाया था, उसे अब हटा लिया है। अब विद्यार्थी, रोगी, पर्यटक, व्यवसायी हर प्रकार के बांग्लादेशी लोगों का यहां स्वागत है।
उन्होंने यह भी कहा कि, बांग्लादेश की नई सरकार से हमें आशा है कि वह भारत के साथ बेहतर संबंधों को बल देगी। इसी उम्मीद में हम लोगों ने बड़े भाई होने के नाते पहले बेहतर संबंधों का हाथ बढ़ाया है। मगर, इसके बावजूद भविष्य में यदि फिर हमारे देश के विरोध बांग्लादेश का रुख होगा तो हम लोग फिर से पूर्व जैसे ही बैन का निर्णय लेने को बाध्य होंगे। इधर, जो बैन हटाया है उसकी सूचना दार्जिलिंग के डीएम एवं सिलीगुड़ी पुलिस कमिश्नरेट के कमिश्नर को ई-मेल द्वारा दे दी गई है।
एक सवाल के जवाब में उन्होंने बताया कि, 2024 में अगस्त तक हर महीने 35,000 से 40,000 बांग्लादेशी यहां सिलीगुड़ी आते थे और यहां के होटलों में ठहरते थे जब देश के हालात सामान्य थे। उस समय सीमा हो कर 2 लाख लोगों की आवाजाही थी। अगस्त 2024 की अशांति के बाद
यह दिन में 50-60, महीने में 1200-1500 लोग तक ही सिमट गया। हमें करोड़ों का नुकसान हुआ। उसका हमें अंदाजा था लेकिन फिर भी बैन लगाया क्योंकि हमारे लिए सब कुछ से पहले देश है। अब उम्मीद है कि, फिर पहले जैसे ही सब कुछ सामान्य हो जाएगा। यहां सिलीगुड़ी पुलिस कमिश्नरेट क्षेत्र में 260-70 होटल हैं। उनमें हमारे एसोसिएशन के सदस्य 180-85 होटल हैं। ये सभी अपने यहां अब बांग्लादेशी लोगों का भी स्वागत करेंगे। इस दिन संवाददाता सम्मेलन में उपरोक्त एसोसिएशन के सचिव संदीप कुमार दॉ व अन्य कई सम्मिलित रहे।