भवानीपुर 75 पल्ली के पंडाल में ‘उदयापन’, नई आशाओं और बंगाल की संस्कृति का संदेश

पारंपरिक कला और सनातनी परंपराओं के साथ रोजगार, औद्योगिक पुनरुद्धार और आत्मनिर्भर भविष्य की परिकल्पना
Kolkata
भवानीपुर 75 पल्ली
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कोलकाता : भवानीपुर 75 पल्ली की दुर्गापूजा में इस वर्ष ‘उदयापन’ यानी नयापन थीम के माध्यम से बंगाल में नई आशाओं और बदलते सामाजिक परिदृश्य को दर्शाया गया है। पूजा मंडप में पारंपरिक कला, संस्कृति और सनातनी परंपराओं की झलक के साथ बेहतर भविष्य का संदेश दिया गया है।

पूजा कमेटी के अध्यक्ष एवं बंगाल भाजपा की कार्यकारिणी के सदस्य रवीन्द्र कुमार सिंह (दीपक) ने बताया कि इस बार का आयोजन विशेष रूप से प्रवासी मजदूरों के जीवन, संघर्ष और उनकी उम्मीदों को समर्पित है। थीम के जरिए बंद पड़े उद्योगों के पुनरुद्धार, नए उद्योगों की स्थापना, रोजगार के अवसर और युवाओं के उज्ज्वल भविष्य की आकांक्षा व्यक्त की गई है।

आयोजकों के अनुसार, दुर्गापूजा केवल उत्सव नहीं, बल्कि नई शुरुआत और सामूहिक उम्मीदों का प्रतीक भी है। वहीं, सिंथी अग्रगामी संघ ने अपने पूजा मंडप में बंगाल की लोक परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को कलात्मक रूप में प्रस्तुत किया है, जिसे देखने के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है।

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