

कोलकाता : कोला नट में निवेश करने पर ज्यादा मुनाफा दिलाने का लालच देकर महानगर के एक व्यक्ति से 1.10 करोड़ रुपये की ठगी के आरोप में पुलिस ने दो नाइजीरियाई नागरिकों को गिरफ्तार किया है। अभियुक्तों के नाम एजिके बेंजामिन न्वाबुन्वाने और बिलीव ओन्येआचोलेम हैं। कोलकाता पुलिस की साइबर क्राइम शाखा ने दिल्ली के पालम इलाके में छापेमारी कर दोनों को पकड़ा है। अभियुक्तों के पास से 12 एंड्रॉइड मोबाइल फोन, 2 कीपैड मोबाइल फोन, एक राउटर, 1 लैपटॉप , दो यूके सिम कार्ड, 4 एटीएम कार्ड, एक पेन ड्राइव बरामद किया गया है।
क्या है पूरा मामला
आरोपित विदेशी नागरिकों ने 'एबॉट फार्मास्युटिकल्स यूके' और डब्ल्यूएचओ के नाम का दुरुपयोग कर जाली ईमेल, वॉट्सऐप अकाउंट और दस्तावेज बनाकर एक कारोबारी से 1.10 करोड़ रुपये की ठगी की थी। पुलिस सूत्रों के अनुसार, 1 मई 2025 से पहले आरोपितों ने शिकायतकर्ता को कोला नट ट्रेडिंग में निवेश करने के लिए फर्जी योजनाओं के जरिए प्रेरित किया। इसमें विश्व स्वास्थ्य संगठन और एक दवा कंपनी के नाम का झूठा इस्तेमाल कर निवेश का झांसा दिया गया। जांच के दौरान पता चला कि ठगी की यह रकम कई बैंक खातों में ट्रांसफर की गई थी। इन खातों से जुड़े मोबाइल नंबर दिल्ली के पालम इलाके में सक्रिय थे, लेकिन धोखाधड़ी के बाद उन्हें बंद कर दिया गया। पुलिस ने आईएमईआई ट्रेसिंग, गूगल से प्राप्त आईपी लॉग्स, कॉल डिटेल रिकॉर्ड्स और आईएसपी डेटा की मदद से आरोपितों की लोकेशन और गतिविधियों की पुष्टि की। पहले से गिरफ्तार आरोपितों से मिले इनपुट ने इस केस की कड़ियों को जोड़ने में अहम भूमिका निभाई। इंस्पेक्टर सोमा माइती और सार्जेंट एस गेन के नेतृत्व में कोलकाता पुलिस की टीम ने दिल्ली पुलिस के सहयोग से पालम थाना क्षेत्र के महावीर इन्क्लेव में छापेमारी की। जब टीम ने अंतिम कार्रवाई की तो आरोपित भागने की कोशिश करने लगे। इस दौरान एक कांस्टेबल घायल भी हुआ, लेकिन अंततः टीम ने दोनों आरोपितों को धर दबोचा।