व्हाट्सऐप निर्देश विवाद में तृणमूल ने चुनाव आयोग को घेरा

पुलिस ऑब्जर्वर पर आरोप, तृणमूल ने आयोग को लिखा पत्र सीक्रेट निर्देशों पर सियासत तेज, आयोग से कार्रवाई की मांग

व्हाट्सऐप निर्देश विवाद में तृणमूल ने चुनाव आयोग को घेरा
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केडी पार्थ, सन्मार्ग संवाददाता

कोलकाता : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से पहले सियासी टकराव और तेज हो गया है। सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने Election Commission of India को मंगलवार को पत्र लिखकर पुलिस ऑब्जर्वरों पर ‘सीक्रेट’ और गैर-संवैधानिक निर्देश देने का गंभीर आरोप लगाया है।

WhatsApp ग्रुप बनाकर दिए जा रहे निर्देश: आरोप

तृणमूल के मुताबिक, 6 अप्रैल की वीडियो कॉन्फ्रेंस के बाद पुलिस अधिकारियों, CAPF कोऑर्डिनेटर और कंपनी कमांडरों के साथ कई WhatsApp ग्रुप बनाए गए, जिनके जरिए निर्देश साझा किए जा रहे हैं।

राजनीतिक टारगेटिंग का आरोप

पार्टी ने आरोप लगाया है कि इन निर्देशों के जरिए खास राजनीतिक कार्यकर्ताओं को निशाना बनाकर IPC की धाराओं के तहत सख्त कार्रवाई करने को कहा जा रहा है, जो निष्पक्ष चुनाव के खिलाफ है।

‘लेवल प्लेइंग फील्ड’ पर उठाए सवाल

पत्र में कहा गया है कि आयोग का काम सभी दलों के लिए बराबरी का मौका सुनिश्चित करना है, लेकिन इस तरह की प्रक्रिया से निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

आयोग से पांच मांगें

तृणमूल ने आयोग से इस मामले में तुरंत रिपोर्ट तलब करने, सबूत आधारित कार्रवाई सुनिश्चित करने, केवल आधिकारिक चैनलों से निर्देश जारी करने और अनधिकृत संचार पर रोक लगाने की मांग की है।

चुनाव से पहले बढ़ी सियासी गर्मी

इस विवाद के बाद राज्य में चुनावी माहौल और गरमा गया है। अब देखना होगा कि ECI इस पर क्या रुख अपनाता है।


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