पीजीएफआई के पक्ष में सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला

एनसीएलएटी के फैसले के खिलाफ पारसमल लोढ़ा की अपील खारिज
पीजीएफआई के पक्ष में सुप्रीम कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला
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सन्मार्ग संवाददाता

नई दिल्ली/कोलकाता पीयरलेस जनरल फाइनेंस एंड इन्वेस्टमेंट कंपनी लिमिटेड (पीजीएफआई) के पक्ष में सुप्रीम कोर्ट ने ऐतिहासिक फैसला सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस पामिदिघनतम जस्टिस नरसिम्हा और जस्टिस आलोक अराधे ने यह फैसला सुनाया है। तीन जजों के इस बेंच ने पारसमल लोढ़ा की अपील को खारिज कर दिया है। उन्होंने एनसीएलएटी के फैसले को चुनौती दी थी। करीब 30 साल तक मुकदमा चलने के बाद सुप्रीम कोर्ट ने यह फैसला सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले के साथ ही पीजीएफआई के साथ जुड़े एक लंबे कानूनी विवाद का समापन हो गया। पीजीएफआई और भगवती डेवलपर्स के बीच एक लंबे समय से यह कानूनी विवाद चल रहा था। पीजीएफआई के प्रबंध निदेशक जयंत राय ने सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा है कि इस फैसले की वजह से पीयरलेस एक नए आत्मविश्वास और जिम्मेदारी की भावना के साथ आगे बढ़ेगा। जयंत राय ने कहा कि हम बेहतर प्रबंधन एकजुटता और अग्रणी संस्थान की भूमिका निभाते रहेंगे जो कई पीढ़ियां से हमारा मार्गदर्शन करता आ रहा है।

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