

कोलकाता : एसपीके जैन फ्यूचरिस्टिक एकेडमी ने अनुभवात्मक शिक्षा को कक्षा से बाहर ले जाते हुए दुर्गा पूजा के अवसर पर रामगोपाल साहा के भवन में बोनदी बाड़ी हेरिटेज वॉक का आयोजन किया।
इसका उद्देश्य विद्यार्थियों को कोलकाता के ऐतिहासिक पारिवारिक भवनों, पारंपरिक दुर्गा पूजा और उनसे जुड़ी सांस्कृतिक विरासत से परिचित कराना था। हेरिटेज वॉक के दौरान विद्यार्थियों ने रामगोपाल साहा के भवन के इतिहास, स्थापत्य विशेषताओं तथा वहां पीढ़ियों से चली आ रही दुर्गा पूजा की परंपराओं को समझा।
उन्होंने पूजा से जुड़े रीति-रिवाजों, सामाजिक प्रथाओं और सांस्कृतिक बदलावों की जानकारी भी हासिल की। प्रत्यक्ष अवलोकन और बातचीत के जरिए विद्यार्थियों ने जाना कि समय के साथ पूजा की परंपराओं में बदलाव आया है, लेकिन उनका सांस्कृतिक महत्व आज भी कायम है।
विद्यालय की प्रधानाचार्या डॉ. जयीता गांगुली ने कहा कि शिक्षा तब अधिक प्रभावी होती है, जब विद्यार्थी कक्षा में सीखी बातों को वास्तविक जीवन से जोड़ते हैं। उन्होंने कहा कि बोनदी बाड़ी विद्यार्थियों को कोलकाता के इतिहास, परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को समझने का अनूठा अवसर देती है।
विद्यालय के अनुसार, इस पहल से विद्यार्थियों में स्थानीय इतिहास, संस्कृति और विरासत के प्रति समझ विकसित करने के साथ अनुभवात्मक एवं व्यावहारिक शिक्षा को भी बढ़ावा मिला।