कोलकाता: पश्चिम बंगाल सरकार ने मतदाता सूची के Special Intensive Revision (SIR) में काम करने वाले Booth Level Officers (BLOs) के लंबित मानदेय के भुगतान के लिए 38.8 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं। विधानसभा चुनाव के नतीजे घोषित होने के करीब चार महीने बाद यह राशि स्वीकृत की गई है।
सरकार के फैसले के बाद राज्य के 22 जिलों में जिला निर्वाचन अधिकारियों के माध्यम से BLOs को भुगतान की प्रक्रिया जल्द शुरू होने की संभावना है। अधिकारियों के मुताबिक, SIR से जुड़े काम के लिए प्रत्येक BLO को 5,000 रुपये दिए जाएंगे। भुगतान की निगरानी जिला निर्वाचन अधिकारी करेंगे। इस भुगतान को आगे बढ़ाने के लिए निर्वाचन आयोग की मंजूरी भी मिल चुकी है।
मंजूर की गई राशि में सबसे बड़ा हिस्सा दक्षिण 24 परगना जिले के लिए रखा गया है। यहां BLOs के भुगतान के लिए 4.4 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। इसके बाद उत्तर 24 परगना के लिए 4.3 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, कई BLOs पिछले करीब पांच महीनों से अपने मानदेय का इंतजार कर रहे थे। अब सरकार के आदेश के बाद भुगतान का रास्ता साफ हुआ है। हालांकि, BLO संगठन की ओर से यह भी कहा गया है कि स्वीकृत राशि उनकी पूरी बकाया रकम से कम है।
Votekarmi-o-BLO Aikya Mancha के महासचिव Swapan Dasgupta ने कहा कि BLOs लंबे समय से भुगतान की प्रतीक्षा कर रहे थे और सरकार के आदेश से उन्हें राहत मिलेगी। हालांकि, उनके अनुसार प्रत्येक BLO का बकाया 7,000 रुपये है, जबकि आदेश के तहत अभी 5,000 रुपये देने की बात कही गई है।
दक्षिण कोलकाता के एक BLO ने भी बताया कि उन्हें कुल 12,000 रुपये का मानदेय मिलना है। इनमें से 5,000 रुपये पहले मिल चुके हैं, जबकि शेष 7,000 रुपये का भुगतान अभी बाकी है। नए आदेश में 5,000 रुपये के भुगतान का उल्लेख है, लेकिन बाकी 2,000 रुपये कब मिलेंगे, इसे लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है।
इस बीच कई BLOs अब जनगणना (Census) से जुड़े काम में भी लगाए गए हैं। इसके लिए उन्हें अलग से मानदेय दिया जाएगा।