

कोलकाता : बेहला के सखेरबाजार इलाके में भाजपा नेता बिप्लब देब की सभा को लेकर फैली अशांति के बाद सोमवार को भाजपा के वरिष्ठ नेता शुभेंदु अधिकारी मौके पर पहुंचे। उन्होंने न सिर्फ घटनास्थल का दौरा किया बल्कि इसके बाद भाजपा की ओर से उनकी अगुवाई में एक विरोध मार्च और जनसभा का आयोजन भी किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में पार्टी के नेता, कार्यकर्ता और समर्थक शामिल हुए। सभा को संबोधित करते हुए शुभेंदु अधिकारी ने साफ शब्दों में कहा कि अप्रैल में बदलाव होगा और बदलाव होकर रहेगा। उन्होंने सखेरबाजार इलाके के लोगों से अपील की कि वे तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं के कथित आतंक और धमकियों के खिलाफ खुलकर आवाज उठाएं और आगामी विधानसभा चुनावों में निर्णायक भूमिका निभाएं। शुभेंदु ने छोटे व्यापारियों, ऑटो रिक्शा चालकों और स्थानीय निवासियों से एकजुट होने का आह्वान करते हुए कहा कि अगर जनता अब भी चुप रही तो बाद में पछताना पड़ेगा। उन्होंने मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें नवान्न से उनके घर भेजना होगा। शुभेंदु अधिकारी ने आरोप लगाया कि राज्य में तृणमूल कांग्रेस के पार्षदों, स्थानीय नेताओं और पुलिस की एक तरह की “जॉइंट टीम” काम कर रही है, जो भाजपा को शांतिपूर्ण कार्यक्रम करने से रोकती है। उनका दावा है कि तृणमूल से जुड़े मामलों में पुलिस शिकायत तक दर्ज नहीं करती और राजनीतिक दबाव में काम कर रही है। गौरतलब है कि रविवार को बिप्लब देब की रैली की तैयारियों के दौरान झंडा लगाने को लेकर भाजपा और तृणमूल कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हो गई थी, जो देखते ही देखते मारपीट, तोड़फोड़ और आगजनी में बदल गई। भाजपा का आरोप है कि भाषण के बाद स्टेज में आग लगा दी गई।