

कोलकाता :इंटाली थाना क्षेत्र में एक व्यवसायी ने अपने फिक्स्ड डिपॉजिट (एफडी) के गायब होने की शिकायत दर्ज कराई है, जिसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। व्यवसायी के अनुसार, वे पोटारी रोड के निवासी हैं और उन्होंने डेढ़ साल पहले इंटाली की एक सरकारी बैंक शाखा में दो लाख रुपये का एफडी किया था।
हाल ही में जब व्यवसायी ने एफडी की राशि निकालने के लिए बैंक का रुख किया, तो उन्हें आश्चर्य हुआ कि उनके खाते या बैंक रिकॉर्ड में इस एफडी का कोई प्रमाण मौजूद नहीं है। व्यवसायी ने पुलिस को बताया कि उनके पास एफडी से जुड़े सभी दस्तावेज सुरक्षित हैं। उन्होंने यह भी आशंका जताई कि इसमें कुछ बैंक अधिकारियों की संलिप्तता हो सकती है। उनका कहना है कि किसी धोखाधड़ी या मोबाइल नंबर बदलकर यह पैसा किसी अन्य खाते में ट्रांसफर किया गया हो सकता है।
पुलिस ने बताया कि मामले की जांच के लिए बैंक के संबंधित अधिकारियों से पूछताछ की जाएगी और बैंक रिकॉर्ड, CCTV फुटेज और लेन‑देन की पूरी जांच की जाएगी। पुलिस मामले की गंभीरता को देखते हुए यह भी पता लगाने में जुटी है कि एफडी के गायब होने के पीछे कोई आंतरिक साजिश या बाहरी धोखाधड़ी तो नहीं है।
व्यवसायी ने मामले को गंभीर बताते हुए बैंक और पुलिस से शीघ्र कार्रवाई की मांग की है। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह घटना ग्राहकों की वित्तीय सुरक्षा और बैंकिंग प्रक्रियाओं में पारदर्शिता के महत्व को भी उजागर करती है।
मामले की जांच अभी जारी है और आगामी दिनों में बैंक और व्यवसायी के बीच एफडी के वास्तविक स्थान और जिम्मेदार व्यक्तियों की पहचान की जाएगी।