

कोलकाता : लालबाजार के खुफिया विभाग ने एक बड़े अंतरराष्ट्रीय फर्जी पासपोर्ट रैकेट का पर्दाफाश करते हुए एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। अभियुक्त का नाम दीपक महतो है। पुलिस के अनुसार, दीपक महतो पहले बांग्लादेश से अवैध रूप से भारत में आया और इसके बाद फर्जी दस्तावेज तैयार करवा भारतीय पासपोर्ट बनवाया। इसी पासपोर्ट के जरिए वह रूस और श्रीलंका जैसे देशों की यात्रा कर चुका था।
क्या है पूरा मामला
पुलिस सूत्रों के अनुसार, दीपक महतो ने पश्चिम बंगाल के पते का उपयोग कर फर्जी भारतीय पासपोर्ट और दस्तावेज तैयार करवाए थे। जैसे ही वह रूस से भारत लौटा, खुफिया विभाग को उसकी वापसी की गुप्त सूचना मिली और उसे कोलकाता एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया गया। सोमवार को आरोपित को अलीपुर स्पेशल कोर्ट में पेश किया गया। सुनवाई के दौरान सरकारी वकील लीना सरकार ने आरोपियों की जमानत का कड़ा विरोध किया। उन्होंने बताया कि दीपक महतो न केवल अवैध रूप से भारत में प्रवेश किया बल्कि देश की सुरक्षा के लिए खतरा बनते हुए फर्जी दस्तावेज बनवाने में शामिल था। सरकारी वकील ने अदालत को बताया कि दीपक इस बड़े अंतरराष्ट्रीय पासपोर्ट रैकेट का अहम हिस्सा है और गिरोह के अन्य सदस्यों तक पहुंचने के लिए उससे गहन पूछताछ करना आवश्यक है। बचाव पक्ष के वकील सैकत रक्षित ने जमानत याचिका दायर की और दावा किया कि उनके मुवक्किल को दस्तावेजों के फर्जी होने की कोई जानकारी नहीं थी और यह सब दलालों की साजिश थी। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनकर अदालत ने राष्ट्रीय सुरक्षा को देखते हुए दीपक महतो की जमानत याचिका खारिज कर दी। न्यायाधीश ने आरोपी को 30 मार्च तक पुलिस हिरासत में भेजने का आदेश दिया। पुलिस अब यह पता लगाने में लगी है कि इस फर्जीवाड़े में और