

कोलकाता : पंचशायर इलाके में हाल ही में हुए एक जघन्य अपराध के बाद कोलकाता पुलिस ने वृद्ध दंपतियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नयी पहल की है। सूत्रों के अनुसार कोलकाता पुलिस कमिश्नर मनोज वर्मा ने सभी थानों को निर्देश दिया है कि वे बंधु ऐप के साथ-साथ एक नया सत्यापन फॉर्म लागू करें और उसका सख्ती से पालन करें। शनिवार को बॉडीगार्ड लाइंस में आयोजित मासिक क्राइम कांफ्रेंस के दौरान पुलिस कमिश्नर ने सभी अधिकारियों को उक्त निर्देश दिया। पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस फॉर्म के माध्यम से प्रत्येक थाना यह जानकारी जुटाएगा कि उसके क्षेत्र में रहने वाले वृद्ध दंपति आया (हेल्पर) की सेवाएं ले रहे हैं या नहीं। यदि हां, तो संबंधित आया सेंटर का भौतिक सत्यापन अनिवार्य होगा। थाने की टीम यह जांच करेगी कि आया कितने समय से काम कर रही है, उसका पूरा बायोडाटा, फोटो और अन्य पहचान संबंधी जानकारी एकत्र की जाएगी, जिसे पुलिस रिकॉर्ड में दर्ज किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, थाना स्तर पर नियुक्त अधिकारी समय-समय पर यह सुनिश्चित करेंगे कि वृद्ध दंपतियों को किसी प्रकार की परेशानी तो नहीं हो रही। इस पहल का मुख्य उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करना है।
चितपुर मामले में तकनीकी चूक
वहीं, चितपुर में एक मामले में पुलिस की तकनीकी चूक सामने आयी है, जहां अभियुक्त को गिरफ्तारी ज्ञापन (अरेस्ट मेमो) में खामी के कारण अदालत से जमानत मिल गयी। इस मामले में पुलिस विभाग आंतरिक समीक्षा कर रहा है।
त्योहारों के मद्देनजर सोशल मीडिया पर निगरानी बढ़ायें
आगामी त्योहारी सीजन, जिसमें गणेश पूजा, नबी दिवस जैसे बड़े पर्व शामिल हैं, को देखते हुए कोलकाता पुलिस ने स्पष्ट किया है कि किसी भी तरह की भड़काऊ या सांप्रदायिक पोस्ट करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी ताकि शहर में सांप्रदायिक सौहार्द बरकरार रहे। इसके अलावा पूजा के मद्देनजर बाजार और मार्केट इलाके में खरीददारी करने वाले लोगों की सुरक्षा के लिए ट्रैफिक गार्ड और स्थानीय पुलिस स्टेशन को साथ मिलकर काम करने के लिए कहा गया। बाजार इलाकों में जाम की स्थिति न हो इसपर ध्यान देने को कहा गया है। इसके अलावा पंचशायर थाने और संबंधित डीसी को अपराध की त्वरित जांच और कार्रवाई के लिए पुरस्कृत किया गया।