

कोलकाता : खुद को केंद्र सरकार का वरिष्ठ अधिकारी बताकर इंडियन ऑयल में नौकरी दिलाने के नाम पर 32 लाख रुपये की ठगी करने के आरोप में पुलिस ने एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। यह मामला दक्षिण कोलकाता के पाटुली थाना क्षेत्र का है। गिरफ्तार अभियुक्त का नाम कृष्णेंदु चट्टोपाध्याय बताया गया है। इस ठगी के शिकार कोलकाता के तीन युवक और एक युवती हुए हैं। फिलहाल पाटुली थाने की पुलिस आरोपी से गहन पूछताछ कर मामले की तह तक पहुंचने की कोशिश कर रही है।
क्या है पूरा मामला
पुलिस सूत्रों के अनुसार, कुछ समय पहले पाटुली इलाके के एक बाजार में आरोपी की मुलाकात दो युवकों और एक युवती से हुई थी। बातचीत के दौरान उसने खुद को केंद्र सरकार का एक उच्च पदस्थ अधिकारी बताया और यह दावा किया कि उसके केंद्रीय मंत्रियों से घनिष्ठ संबंध हैं। भरोसा जीतने के लिए उसने फर्जी पहचान पत्र भी दिखाए। इसके बाद उसने इंडियन ऑयल में स्थायी नौकरी दिलाने का झांसा दिया और चयन प्रक्रिया को ‘आसान’ कराने का दावा किया।
आरोपी की बातों में आकर पीड़ितों ने नौकरी पाने की उम्मीद में उस पर भरोसा कर लिया। इसके बाद आरोपी ने उनसे अलग-अलग चरणों में कुल 32 लाख रुपये वसूल लिए। पीड़ितों ने यह रकम जुटाने के लिए अपनी और परिवार की जेवरात गिरवी रखीं। पुलिस के अनुसार, कुल रकम में से 22 लाख रुपये ऑनलाइन ट्रांजैक्शन के माध्यम से और 10 लाख रुपये नकद दिए गए थे।
रुपये लेने के बाद आरोपी ने धीरे-धीरे पीड़ितों से संपर्क तोड़ दिया। जब काफी समय बीत जाने के बावजूद न तो नौकरी मिली और न ही पैसे लौटाए गए, तब पीड़ितों को ठगी का अहसास हुआ। इसके बाद उन्होंने पाटुली थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई।
जांच के दौरान पुलिस को कई चौंकाने वाले तथ्य हाथ लगे। पता चला कि आरोपी ने लेकटाउन, बागुईआटी और पाटुली समेत कोलकाता के विभिन्न इलाकों में अलग-अलग पते दर्ज कर रखे थे। प्रत्येक पते पर उसने अलग-अलग आधार कार्ड बनवाए थे। पुलिस ने अब तक आरोपी के पास से कुल पांच आधार कार्ड बरामद किए हैं। बताया जा रहा है कि जहां-जहां वह किराये पर रहता था, वहीं नया आधार कार्ड बनवा लेता था।
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और आशंका जताई जा रही है कि उसने इसी तरह और भी लोगों को ठगा हो सकता है। मामले की जांच जारी है।