

सोशल मीडिया पर लोगों ने शेयर किया अपना दर्द
सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : कोलकाता एयरपोर्ट से भाया मिडिल ईस्ट जाने वाले यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कोलकाता से जाने वाले यात्रियों से ज्यादा यहां आने वाले यात्रियों को परेशानी झेलनी पड़ी। नाम न बताने की शर्त पर लंदन हनीमून मनाने गये कपल ने बताया कि उन्हें 1 मार्च को कोलकाता आना था लेकिन दुबई एयरपोर्ट बंद होने के कारण वह नहीं आ पा रहे हैं। उनका वीजा भी एक्सपायर कर रहा है।
ऐसे में उनकी खुशियां अब टेंशन में बदल गयी है। वहीं उनका कोलकाता में रह रहा परिवार भी उनकी सकुशल वापसी की दुआएं कर रहा है। इधर, ट्रैवेल एजेटों की माने तो कोलकाता से लंदन, दुबई, यूएसए, व यूरोप घूमने व काम से गये लोग फंसे हुए हैं। गत रात दुबई एयरपोर्ट पर हमले के बाद से एयरपोर्ट को पूरी तरह बंद कर दिया गया है। इस दौरान कोलकाता से जाने व आने वाली कुल 18 अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को रद्द कर दिया गया है। इनमें से कोलकाता से जाने वाली उड़ानों में एयर अरेबिया की अबुधाबी जाने वाली दो उड़ानें , अबु धाबी की 2, इमिरेट्स की दुबई की 2, कतर एयरवेज की दोहा की 2 उड़ानें तथा फ्लाई दुबई की एक उड़ान को रद्द कर दिया गया है। इससे लगभग 4000 यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा है।
पटना ,रांची व गुवाहाटी से आये यात्री वापस लौटे
अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों की उड़ानों को लेने कोलकाता पहुंचें सैकड़ों यात्रियों ने वापसी की उड़ान लेना बेहतर समझा। एयरपोर्ट अधिकारी के मुताबिक गत शनिवार की रात को ही काफी लोग लौट गये थे। वहीं कुछ रविवार की सुबह की उड़ानों से घर वापसी की। इजराइल व ईरान के युद्ध के दौरान मिडिल ईस्ट जाने से लोग अब बच रहे हैं। इधर, तुषार कांती कुमार ने बताया कि मध्य पूर्व में जारी अशांति के कारण कोलकाता एयरपोर्ट से पश्चिम की ओर तथा यूरोप व अन्य गंतव्यों के लिए जाने वाली 5 दैनिक सीधी उड़ानें बंद हो गई हैं।
इससे हजारों यात्रियों को भारी असुविधा हो रही है। कृपया जल्द से जल्द Air India और IndiGo की अतिरिक्त उड़ानों की व्यवस्था करने का कष्ट करें, ताकि कोलकाता से बाहर जाने वाले एवं कोलकाता आने वाले यात्रियों को राहत मिल सके। यह अत्यंत आवश्यक एवं अत्यावश्यक विषय है। अमितांशु माइती ने बताया कि मैं कोलकाता से दुबई की यात्रा कर रहा था, लेकिन मेरी उड़ान रद्द कर दी गई है। मैं पिछले 5 घंटों से कोलकाता एयरपोर्ट पर फंसा हुआ हूँ। कृपया मुझे जल्द से जल्द वैकल्पिक उड़ान की व्यवस्था और ठहरने (आवास) की सुविधा प्रदान करने का कष्ट करें।
ट्रैवेल एजेंट्स एसोसियेशन ने यह कहा
ट्रैवेल एजेंट्स एसोसियेशन ऑफ इंडिया, ईस्ट के चेयरमेन व एयरकॉम ट्रैवेल्स के डायरेक्टर अंजनी धानुका ने बताया कि वैश्विक स्थिति दिन-प्रतिदिन खराब होती जा रही है। हर कुछ दिनों में कोई न कोई नई समस्या सामने आ जाती है—कहीं युद्ध, कहीं बीमारी का प्रकोप, तो कहीं बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदा। इन सबका सबसे बुरा प्रभाव यात्रा और पर्यटन पर पड़ता है। मानव जीवन के लिए दो चीजें बहुत महत्वपूर्ण हैं—भोजन और यात्रा। लोग व्यवसाय, विश्राम या धार्मिक उद्देश्यों से यात्रा करते हैं, लेकिन इस तरह की परिस्थितियां यात्रियों का जीवन कठिन बना देती हैं। कई बार ये यात्राएं जीवन और मृत्यु का प्रश्न बन जाती हैं।
यात्रियों के पास जो धन होता है, वह समाप्त हो जाता है, वीज़ा की अवधि समाप्त हो जाती है, सुरक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याएँ खड़ी हो जाती हैं, और कई अन्य कठिनाइयाँ सामने आती हैं। ऐसी परिस्थितियों में सरकार को सर्वोच्च प्राथमिकता के आधार पर अपने नागरिकों को सुरक्षित रूप से वापस देश लाने के लिए उचित कदम उठाने चाहिए। केवल उड़ानें रद्द कर चुप बैठने के बजाय, वैकल्पिक मार्गों और विशेष उड़ानों की व्यवस्था कर नागरिकों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करनी चाहिए।