कान्यकुब्ज भवन में श्रीमद् भागवत कथा में  श्रीकृष्ण की बाल लीला पर झूमे श्रद्धालु

कान्यकुब्ज भवन में श्रीमद् भागवत कथा में श्रीकृष्ण की बाल लीला पर झूमे श्रद्धालु

Published on

सन्मार्ग संवाददाता

कोलकाता : कान्यकुब्ज भवन में श्रीमद् भागवत कथा ज्ञान यज्ञ में कथा व्यास वेंकटेश मिश्रा ने भगवान श्रीकृष्ण की दिव्य बाल लीलाओं का अत्यंत रसपूर्ण वर्णन किया । मधुर भजनों की धुन पर झूमते श्रद्धालुओं से पूरा कान्यकुब्ज भवन परिसर वृंदावन धाम की तरह प्रतीत हो रहा था । कथा का माहौल आनंदमय और कृष्णमय हो गया । व्यासपीठ से वेंकटेश मिश्रा जी ने भगवान के नंदोत्सव की झांकी का वर्णन किया, जिससे पूरा पंडाल नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की - जयकारों से गुंजायमान हो गया । कथा को आगे बढ़ाते हुए श्रीकृष्ण द्वारा किए गए पूतना वध, भगवान के नामकरण संस्कार, अलौकिक बाल लीलाओं, गोकुल में कन्हैया द्वारा की जाने वाली मक्खन चोरी की लीला का बहुत सुंदर और मार्मिक चित्रण किया, जिसे सुनकर श्रद्धालु भाव विभोर हो गए । इसके पश्चात प्रभु द्वारा यमलार्जुन मुक्ति, अघासुर और बकासुर सहित समस्त क्रूर असुरों के वध की कथा सुनाई, जो अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश देती है ।
कान्यकुब्ज सेवा ट्रस्ट के चेयरमैन, समाजसेवी पण्डित लक्ष्मीकांत तिवारी, कलकत्ता कान्यकुब्ज सभा के अध्यक्ष दीपक मिश्रा, सचिव कुलदीप दीक्षित, महिला समिति की संरक्षक शकुन्तला तिवारी, अध्यक्ष प्रभा बाजपेयी, सचिव पूनम दीक्षित, संयोजक सुनील अवस्थी, रामलाल तिवारी, आशुतोष बाजपेई और सतीश शुक्ला ने अतिथियों का स्वागत किया । कान्यकुब्ज सभा एवं महिला समिति के पदाधिकारियों सहित शशिकांत मिश्रा, राजीव मिश्रा (सपरिवार), आचार्य श्रीकांत शास्त्री, गौरव शुक्ला (कानपुर), शंकरलाल तिवारी, मीना देवी पुरोहित, जय प्रकाश सिंह, भोला सोनकर, देवेंद्र बाजपेई, वीरेंद्र त्रिवेदी, दया शंकर मिश्र, राजन तिवारी, विश्वनाथ त्रिवेदी, सुनील दीक्षित, मुकेश शर्मा, अशोक तिवारी, संगम पांडेय, वीरेंद्र तिवारी, पुरुषोत्तम तिवारी, सत्यम मिश्र, प्रेमा बाजपेई, रेखा बाजपेई, शकुन पांडे, मल्लिका बाजपेई, नीतू दीक्षित, उमा त्रिवेदी, दुर्गा त्रिवेदी, रानी मिश्र, रजनी मिश्र, किरण लता मिश्र, संतोष मिश्र, मंजू शर्मा एवं श्रद्धालु भक्तों ने व्यास पीठ का पूजन किया एवं सामूहिक आरती में शामिल हुए ।
सन्मार्ग को Google पर पसंदीदा सोर्स बनाएं →
logo
Sanmarg Hindi daily
sanmarg.in