फाइल फोटो
कोलकाता सिटी
डॉक्टर को ब्लैकमेल करने और रंगदारी मांगने के आरोप में महिला गिरफ्तार
पंच शायर थाना इलाके की घटना
सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता :
कोलकाता पुलिस ने एक डॉक्टर को परेशान करने, धमकी देने और उनसे महीनों तक जबरन वसूली की कोशिश करने के आरोप में 31 वर्षीय महिला को गिरफ्तार किया है। आरोपी महिला को शुक्रवार की शाम संतोषपुर स्थित उसके घर के बाहर से दबोचा गया। अभियुक्त का नाम राग गोप है। आरोपी महिला को पंचशायर थाने में 9 अप्रैल को दर्ज एक मामले के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया है। उसे शनिवार को अलीपुर अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।
झूठे मामलों में फंसाने की देती थी धमकी
पुलिस के अनुसार, यह मामला अदालत के आदेश पर दर्ज किया गया था। शिकायतकर्ता महिला ने आरोप लगाया कि आरोपी महिला उसके पति की पूर्व मरीज रह चुकी है और वह दिसंबर 2025 से डॉक्टर को लगातार परेशान कर रही थी। शिकायत में कहा गया है कि जब डॉक्टर ने उसकी अनुचित मांगें मानने से इनकार कर दिया, तो महिला ने उन्हें झूठे आपराधिक मामलों में फंसाने की धमकी दी। पुलिस के मुताबिक, वह लगातार पैसों के लिए दबाव बना रही थी और कानूनी परिणाम भुगतने की धमकी दे रही थी। शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया कि महिला पैसे ऐंठने के लिए उनके पति को ब्लैकमेल कर रही थी। पुलिस जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि यह महिला डॉक्टरों से लेकर विभिन्न पेशों से जुड़े लोगों को अपने प्रेम जाल में फंसाती थी। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, आरोपी पहले लोगों से दोस्ती करती, फिर नजदीकी बढ़ाकर उपहारों का आदान-प्रदान करती थी। जैसे ही संबंध थोड़े प्रगाढ़ होते, वह अंतरंग पलों की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल करना शुरू कर देती थी। डॉक्टर की पत्नी ने आरोप लगाया कि उनके पति को भी इसी तरह फंसाने की साजिश रची जा रही थी।
पहले भी दर्ज हैं कई मामले
जांचकर्ताओं ने बताया कि आरोपी महिला पर रंगदारी के दो अन्य मामले भी दर्ज हैं, जो उन लोगों की शिकायतों पर आधारित हैं जिन पर इस महिला ने कथित तौर पर दुष्कर्म के आरोप लगाए थे। पुलिस इन मामलों की परिस्थितियों और शिकायतों के बीच किसी संभावित संबंध की गहराई से जांच कर रही है। पुलिस के अनुसार, यह महिला अब तक लगभग 14 लोगों के खिलाफ दुष्कर्म या यौन उत्पीड़न के आरोप लगाते हुए 11 शिकायतें दर्ज करा चुकी है। हालांकि, पुलिस अभी तक यह साबित नहीं कर पाई है कि ये सभी शिकायतें झूठी थीं, लेकिन पुलिस इन मामलों और उनके दर्ज किए जाने की परिस्थितियों की बारीकी से जांच कर रही है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि मामले में आगे की जांच जारी है।

