

राम बालक, सन्मार्ग संवाददाता
कोलकाता : बारुईपुर के सूर्यपुर में नाबालिग से दुष्कर्म और हत्या की घटना के बाद राज्य सरकार ने पीड़ित परिवार की मदद की दिशा में एक और कदम उठाया है। सरकार ने पीड़िता के पिता को कारा विभाग (जेल विभाग) में नियुक्ति दी है। इसके साथ ही परिवार को आर्थिक सहायता भी प्रदान की गई है। बताया गया है कि मानसिक स्थिति सामान्य होने के बाद पीड़िता के पिता अपने पद पर कार्यभार ग्रहण करेंगे। घटना के बाद से ही राज्य सरकार पीड़ित परिवार के संपर्क में है। मुख्यमंत्री ने कई बार बारुईपुर जाकर परिवार से मुलाकात की और न्याय दिलाने के साथ हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया था। अब उसी आश्वासन के तहत पीड़िता के पिता को सरकारी नौकरी उपलब्ध कराई गई है। करीब दो सप्ताह पहले बारुईपुर के सूर्यपुर में नाबालिग से कथित दुष्कर्म और हत्या की घटना के बाद पूरे इलाके में भारी आक्रोश फैल गया था। घटना के बाद उग्र भीड़ की पिटाई में इंद्रजीत नामक एक युवक की भी मौत हो गई थी। इसके बाद मुख्यमंत्री स्वयं सूर्यपुर पहुंचे और पीड़िता तथा मृत युवक, दोनों के परिजनों से मुलाकात कर उनकी शिकायतें सुनीं। उन्होंने पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों को आवश्यक प्रशासनिक निर्देश भी दिए। पुलिस ने दुष्कर्म और हत्या के मामले में अब तक चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मामले के मुख्य आरोपी प्रभास मंडल की घटनास्थल के पुनर्निर्माण (क्राइम सीन रीक्रिएशन) के दौरान पुलिस मुठभेड़ में मौत हो गई थी। पीड़ित परिवार की मांग पर सरकार ने सूर्यपुर में एक नए पुलिस चौकी का उद्घाटन भी किया है। पूरे इलाके में सीसीटीवी कैमरे लगाने का निर्णय लिया गया है। वहीं, पीड़िता के विद्यालय में उसकी स्मृति में एक पुस्तकालय स्थापित करने की भी योजना है। मुख्यमंत्री ने हाल ही में पुलिस चौकी के उद्घाटन के दौरान कहा था कि इस मामले में जांच, ट्रायल और दोषियों को सजा दिलाने की पूरी प्रक्रिया उनकी निगरानी में होगी तथा इसे एक मिसाल के रूप में स्थापित किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा था कि सरकार अपनी जिम्मेदारी निभा रही है और पीड़ित परिवार के साथ हर स्तर पर खड़ी है। अब पीड़िता के पिता को सरकारी नौकरी और आर्थिक सहायता दी जाने की पुष्टि के साथ सरकार की इस पहल की जानकारी सार्वजनिक हुई है।