

कोलकाता : अलका जलान फाउंडेशन में ‘लेडीज़ फर्स्ट’ नामक विशेष साहित्यिक-सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। रेखा ड्रोलिया द्वारा परिकल्पित एवं प्रस्तुत इस कार्यक्रम में हिंदी कविता, संगीत और मानवीय भावनाओं का प्रभावी संगम देखने को मिला। कार्यक्रम में करीब 50 दर्शकों ने हिस्सा लिया।
रेखा ड्रोलिया ने अपनी संवेदनशील कविताओं और प्रभावशाली अभिव्यक्ति के जरिए विभिन्न सामाजिक एवं व्यक्तिगत अनुभवों को मंच पर प्रस्तुत किया। उनकी प्रस्तुति ने दर्शकों को भावनात्मक रूप से जोड़े रखा। वहीं गायक आतिफ अली खान की सुरीली प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम के माहौल को और अधिक आत्मीय एवं भावपूर्ण बना दिया।
कार्यक्रम के दौरान दर्शकों की प्रतिक्रियाएं भी उल्लेखनीय रहीं। कविता और संगीत के साथ दर्शक कभी भावुक हुए तो कभी खुशी के क्षणों में खुलकर झूमते और मुस्कुराते नजर आए। कार्यक्रम के समापन के बाद कई दर्शकों ने रेखा ड्रोलिया से मिलकर उन्हें धन्यवाद दिया और अपनी प्रतिक्रियाएं साझा कीं।
विशेष रूप से कई महिलाओं ने बताया कि कार्यक्रम में प्रस्तुत कविताओं और कहानियों में उन्हें अपने जीवन के अनुभवों की झलक दिखाई दी। उनके अनुसार, मंच पर कही गई कई बातें सीधे उनके व्यक्तिगत एहसासों से जुड़ती महसूस हुईं।
‘लेडीज़ फर्स्ट’ ने साहित्य और संगीत के माध्यम से दर्शकों के साथ भावनात्मक संवाद कायम किया और कार्यक्रम के बाद भी अपनी छाप छोड़ने में सफल रहा।