बेलूर मठ के 91 सन्न्यासियों के नाम 'विचाराधीन'

चुनाव से पहले सन्न्यासियों को लेकर नई बहस
बेलूर मठ के 91 सन्न्यासियों के नाम 'विचाराधीन'
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सन्मार्ग संवाददाता

कोलकाता : बंगाल में विधानसभा चुनाव से पहले बेलूर मठ के सन्न्यासियों को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है। सूत्रों के अनुसार, बेलूर मठ के 91 सन्न्यासियों के नाम वर्तमान में ‘विचाराधीन’ (adjudication) सूची में रखे गए हैं। इस कदम के बाद मठ और राजनीतिक हलकों में हंगामा मच गया है।

तृणमूल कांग्रेस ने इस निर्णय की कड़ी आलोचना की है। पार्टी का कहना है कि सन्न्यासियों की नागरिकता या पहचान पर सवाल उठाना अपमानजनक है। उन्होंने कहा कि बेलूर मठ स्वामीजी की पवित्र भूमि है और वहां के सन्न्यासियों का सम्मान सर्वोपरि होना चाहिए। तृणमूल ने यह भी आरोप लगाया कि इस प्रकार का कदम सन्न्यासियों का अपमान है और चुनाव आयोग को इसकी जिम्मेदारी लेनी चाहिए।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मुद्दा हावड़ा जिले में चुनाव से पहले नया विवाद पैदा करेगा और राजनीतिक बहस को और गर्माएगा। हाल ही में बेलूर मठ का दौरा करते समय मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा था कि योग्य मतदाता अपने मताधिकार से वंचित नहीं होंगे। हालांकि, वर्तमान में 91 सन्न्यासियों की सूची न्यायाधीन बनी हुई है, जिससे चुनाव आयोग और राजनीतिक दलों के बीच विवाद बढ़ता दिख रहा है।

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