पहलगाम में शहीद हुए रामचंद्रन को अंतिम विदाई

हजारों लोग पहुंचे अंतिम विदाई देने
पहलगाम में शहीद हुए रामचंद्रन को अंतिम विदाई
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कोच्चि : एडापल्ली के चंगमपुझा पार्क में बृहस्पतिवार सुबह शोक की लहर छाई रही। नेताओं, अलग-अलग पेशों से जुड़े लोगों, बच्चों बूढ़ों समेत लोगों का हुजूम एन रामचंद्रन (65) को अंतिम विदाई देने के लिए जुटा हुआ था। एन रामचंद्रन पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले में मारे गए थे। उनका अंतिम संस्कार पूरे राजकीय सम्मान के साथ किया गया। रामचंद्रन का पार्थिव शरीर चंगमपुझा पार्क और बाद में उनके आवास पर लोगों के श्रद्धांजलि देने के लिए रखा गया ।

माहौल बहुत ही ग़मगीन था। एक प्राइवेट अस्पताल के शवगृह से शव को सुबह करीब सात बजे लाया गया। यहां शोक संतप्त रिश्तेदारों और करीबी दोस्तों ने उनके अंतिम दर्शन किए और इसके बाद शव को आमजन की श्रद्धांजलि के लिए रखा गया। लगभग चार घंटे तक श्रद्धांजिल देने वाले लोगों का तांता लगा रहा। कई लोग उनकी पत्नी शीला, बेटी आरती आर मेनन और बेटे सुरेश मेनन को सांत्वना देते नजर आए।

केरल के राज्यपाल राजेंद्र आर्लेकर, गोवा के राज्यपाल पी एस श्रीधरन पिल्लै, केंद्रीय मंत्री सुरेश गोपी, केरल के उद्योग मंत्री पी राजीव, विपक्ष के नेता वी डी सतीशन, कोच्चि के मेयर एम अनिल कुमार, एर्नाकुलम के जिलाधिकारी एन एस के उमेश, अभिनेता जयसूर्या, केरल उच्च न्यायालय के न्यायाधीश देवन रामचंद्रन और अन्य ने भी एन रामचंद्रन को श्रद्धांजलि अर्पित की।

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