Delhi Metro में सफर करने वाले दिव्यांग, बुजुर्ग और गर्भवती महिलाओं के लिए खुशखबरी

Delhi Metro में सफर करने वाले दिव्यांग, बुजुर्ग और गर्भवती महिलाओं के लिए खुशखबरी

सभी स्टेशनों पर मिलेगी खास सुविधा
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नई दिल्ली - दिल्ली मेट्रो से यात्रा करने वाले दिव्यांग, वरिष्ठ नागरिकों और गर्भवती महिलाओं के लिए राहत की खबर है। अब उन्हें मेट्रो स्टेशनों पर सुरक्षा जांच के दौरान लाइन में नहीं लगना पड़ेगा। ऐसे यात्रियों को प्राथमिकता के आधार पर फ्रिस्किंग की सुविधा दी जाएगी, जिससे उन्हें बिना किसी परेशानी के मेट्रो में चढ़ने और यात्रा करने में आसानी होगी।

घायलों को भी मिलेगी प्राथमिकता

एनसीआर में मेट्रो नेटवर्क लगभग 393 किलोमीटर लंबा है, जिसमें कुल 289 स्टेशन शामिल हैं। सभी मेट्रो स्टेशनों के सुरक्षा जांच (फ्रिस्किंग) प्वाइंट पर लगे स्कैनर पर अब यह जानकारी दर्ज की जा रही है कि व्हीलचेयर पर यात्रा करने वाले यात्री, दृष्टिबाधित लोग, वरिष्ठ नागरिक, गर्भवती महिलाएं और घायल यात्री जांच में प्राथमिकता के हकदार होंगे।

लंबी लाइन से मिलेगी राहत

दिल्ली मेट्रो के सभी स्टेशनों पर महिलाओं के लिए अलग से सुरक्षा जांच की व्यवस्था है, लेकिन सरोजिनी नगर जैसे व्यस्त स्टेशनों पर भीड़ के समय लंबी कतारें लग जाती हैं। इससे गर्भवती महिलाओं और गोद में छोटे बच्चों को लेकर यात्रा करने वाली महिलाओं को काफी दिक्कत होती है। अब इन्हें प्राथमिकता दी जाएगी।

अब तक दिव्यांग और बुजुर्ग यात्रियों के लिए सुरक्षा जांच में कोई विशेष प्रावधान नहीं था, जिस कारण उन्हें आम पुरुष यात्रियों के साथ लाइन में खड़ा होना पड़ता था। लेकिन अब स्थिति बदलेगी—इन यात्रियों की जांच पहले की जाएगी। दिल्ली मेट्रो रेल निगम (DMRC) ने बताया है कि यह नई सुविधा केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) के सहयोग से सभी मेट्रो स्टेशनों पर लागू की जा रही है। इसका उद्देश्य दिव्यांग, गर्भवती महिलाओं, बुजुर्गों, महिलाओं और घायल यात्रियों को अधिक सुविधा देना है, ताकि वे बिना परेशानी के सुरक्षा जांच प्रक्रिया पूरी कर सकें।

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