

अहमदाबादः प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज ने सोमवार सुबह अहमदाबाद में साबरमती आश्रम पहुंचकर महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की। गांधी आश्रम के नाम से भी मशहूर साबरमती आश्रम की स्थापना महात्मा गांधी ने 1917 में की थी। 1917 से 1930 तक यह गांधीजी का निवास रहा और भारत के स्वतंत्रता संग्राम के प्रमुख केंद्रों में से एक था।
ऐतिहासिक आश्रम में राष्ट्रपिता को श्रद्धांजलि देने के बाद दोनों नेता साबरमती रिवरफ्रंट पहुंचे, जहां उन्होंने अंतरराष्ट्रीय पतंग महोत्सव का उद्घाटन किया। इसके बाद गांधीनगर में स्थित महात्मा मंदिर कन्वेंशन सेंटर में द्विपक्षीय कार्यक्रम होंगे, जहां दोनों नेता भारत-जर्मनी रणनीतिक साझेदारी में हुई प्रगति की समीक्षा करेंगे। दोनों देशों की रणनीतिक साझेदारी को हाल ही में 25 वर्ष पूरे हुए हैं।
अधिकारियों ने बताया कि शाम को मोदी महात्मा मंदिर में दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडलों के बीच होने वाली वार्ता में शामिल होंगे, जिसके बाद संयुक्त प्रेस वक्तव्य जारी किया जाएगा। विदेश मंत्रालय ने पहले कहा था कि प्रधानमंत्री मोदी और चांसलर मर्ज व्यापार और उद्योग जगत के नेताओं से भी मुलाकात करेंगे और क्षेत्रीय व वैश्विक महत्व के मुद्दों पर विचार-विमर्श करेंगे।